सुभाष चन्द्र
अक्सर सुनने में आता है हिंदू मानस वोट देने में जी चुराता है चाहे मोदी ने उन्हें कितनी भी सुविधाएं दी हों। लेकिन अब 4 चरण का मतदान होने के बाद ही सही, बाकी 3 चरणों में हिंदू संभल जाएं और भाजपा को ही वोट दें।
इसका सबसे बड़ा कारण है कांग्रेस का manifesto और उसके बाहर कही जाने वाली कांग्रेस नेताओं की बातें। हिंदुओं के अस्तित्व पर ही प्रश्नचिन्ह लगा दिया है कांग्रेस ने, उन्हें दोयम दर्जे का नागरिक समझती है कांग्रेस, सभी घोषणाएं मुस्लिमों के लिए बनाई गई हैं। हिंदुओं के लिए देश में रहना ही संभव नहीं रहेगा खासकर संपत्ति का X-Ray कर लूटने की बात सामने आने के बाद।
500 साल बाद बने श्री राम मंदिर को ही ताला लगाने और तोड़ने की बात जब ये कांग्रेस और इसके साथी करेंगे तो समझ लीजिए कि ये औरंगजेब जैसे मुग़ल ही हैं और उन्हीं मुग़लों का शासन फिर ले आएंगे।
पाकिस्तान के आतंकी हमले होंगे, उसे 370 दे देंगे और देश की सुरक्षा हेतु परमाणु हथियारों को भी ये ख़त्म करना चाहते हैं। थोड़े में मैंने बहुत कुछ कह दिया है, इसी को समझिये और निकल कर मोदी को वोट दीजिए जिसने अपना सर्वस्व देश के लिए अर्पण कर दिया उसके प्रति कुछ तो कर्तव्य बनता है। चुनाव के दिन को छुट्टी मान कर वोट न डालना देश और समाज के प्रति भी गद्दारी कही जा सकती है, ऐसे छुट्टी लेकर पिकनिक और सैर सपाटे के लिए कभी भी जा सकते हैं लेकिन वोट न देने के भयंकर परिणाम भी हो सकते हैं, याद रहना चाहिए।
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| लेखक चर्चित यूटूबर |
अब मुस्लिम समझें कि जैसे मोदी को समूचा विपक्ष “तानाशाह” कहता है, अबकी बार सत्ता में आ कर वह सच में “तानाशाह” हो गया तो क्या होगा। जैसे विपक्ष सब योजनाएं मुस्लिमों के लिए बनाता है, मोदी ने भी योजनाएं हिंदुओं के लिए कर दी और मुस्लिमों को अलग कर उन्हें लाभ देने बंद कर दिए तब क्या होगा।
यह मत सोचो मोदी जी तो ऐसा कर ही नहीं सकते, लेकिन कर तो सकते हैं क्योंकि वह भी एक इंसान है और आप कब तक उसे प्रताड़ित करोगे, वह भी तो प्रतिकार कर सकता है। इसलिए मुस्लिमों को अपने रहनुमा दलों की बातों न आकर मोदी को ही वोट देना चाहिए क्योंकि अगर मोदी ने प्रतिकार किया तो कोई विपक्षी दल कुछ नहीं कर सकेगा।
सुप्रीम कोर्ट भी चुप हो जायेगा देख कर कि कैसे विपक्ष मुस्लिमों को ही सब कुछ दे रहे हैं जिसकी वजह से मोदी बाध्य हो गया केवल हिंदुओं को देने के लिए। मुस्लिमों और उनके रहनुमा दलों के मोदी की सहनशक्ति की सीमाओं को पूरी तरह चुनौती दी हुई है। अंग्रेजी में कहते हैं “Opposition has fully stretched the limits of tolerance of modi” और इसका परिणाम कुछ नहीं हो सकता है।
पाकिस्तान कांग्रेस और विपक्ष के साथ खड़ा है मोदी को हराने के लिए क्योंकि वह चाहता भारत भी पाकिस्तान जैसा हो जाए। अभी मुस्लिमों को फ्री राशन मिल रहा है, फिर भीख मांगनी पड़ेगी।



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