राहुल गांधी के लिए पन्नू का ताली बजाना साबित करता है राहुल ने “खालिस्तान” मांग लिया, आरक्षण ख़त्म करने की बात कह कर गृहयुद्ध की चिंगारी लगा दी राहुल ने ; क्या भारतीय सियासत में नासूर बन गए हैं?

सुभाष चन्द्र 

बिहार के 2015 के चुनाव में मोहन भागवत जी का आरक्षण के लिए दिए गए कथित बयान ने चुनाव का नज़ारा बदल दिया था। अभी 2024 के लोकसभा चुनाव में भी इंडी भिंडी ठगबंधन ने मोदी पर संविधान ख़त्म करने के साथ साथ आरक्षण को भी खत्म करने का आरोप लगा कर दुष्प्रचार किया था

अब उसी राहुल गांधी ने अमेरिका में बैठ कर आरक्षण खत्म करने की बात की है और भूपिंदर हूडा ने तुरंत समर्थन करते हुए कहा है कि दलितों और पिछड़ों(OBCs) को आरक्षण के आगे सोचना चाहिए बिहार में आरक्षण पर भाजपा को नुक्सान हो गया था लेकिन कांग्रेस को वह नुक्सान हरियाणा में होता नहीं दिखाई दे रहा लगता है कांग्रेस के SC/ST/OBC कैसे इसका समर्थन करेंगे

याद रहे पिछले साल अपने दादा फिरोज जहांगीर खान गांधी की बरसी पर राहुल कालनेमि भारत तोड़ो यात्रा पर चला गया था और इस बार ये अमेरिका निकल गया

लेकिन लोग समझे नहीं हैं कि राहुल गांधी ने आरक्षण को ख़त्म करने की बात कह कर देश में गृहयुद्ध का एक मोर्चा खोलने का काम किया है और सच कहें तो बिछाए गए केरोसिन पर एक और तिल्ली लगाने का काम किया है। अपने 28 अप्रैल, 2024 के लेख में मैंने लिखा था कि कांग्रेस देश में गृहयुद्ध चाहती है और उसके लक्षण दिखाई दे रहे हैं 

लेखक 
चर्चित YouTuber 
एक तरफ वह SC/ST/OBC को आबादी  के हिसाब से हिस्सेदारी देने का प्रोपेगंडा करता है और दूसरी तरफ वह आरक्षण ख़त्म करके उनका अधिकार मारने की बात कर गया याद रहे, हाल ही में सुप्रीम कोर्ट ने आरक्षण में क्रीमी लेयर को आरक्षण न देने के लिए फैसला सुनाया था अमीरों की संपत्ति लूट कर मुस्लिमों को देने का प्रोपेगंडा वो अलग चला रहा है साथ में राहुल अब खालिस्तान के समर्थन में भी खड़ा हो गया

राहुल गांधी एक तरह से खरपतवार बन चुका है जो खेत की हर फसल में घुस कर सभी को बर्बाद करती है, वही काम यह भी कर रहा है

आरक्षण ख़तम करने की बात से उसने आरक्षण लेने वाले SC/ST/OBC को उत्पात मचाने के लिए उकसा दिया और आरक्षण विरोधियों को उनके खिलाफ संघर्ष करने के लिए प्रेरित कर दिया, सिखों के अधिकार की बात करके पंजाब से एक और किसान आंदोलन को शुरू करने की उसने तैयारी का ईशारा कर दिया यानी सब तरफ अराजकता होगी और मुस्लिम तो अलग तरह से ही विध्वंस की तैयारी में लगे हैं जिसमे रेल दुर्घटनाएं करा कर बड़े पैमाने में जानमाल का नुकसान कराना लक्ष्य है

मैंने अपने एक कल के वीडियो में कहा था कि सिखों के मुद्दे उठा कर उसने खालिस्तान मांग लिया है और वह मैंने गलत नहीं कहा था क्योंकि राहुल की बात पर गुरपतवंत सिंह पन्नू ने ने तालियां बजा कर राहुल गांधी की तारीफ की है

लोग कर रहे हैं राहुल के अमेरिका से आने के कुछ दिन बाद कोई नया नाटक होगा एक तो आरक्षण के पक्ष विपक्ष में दंगे होंगे, इसके कहने से मुस्लिम पहले से लगे हैं  अपने प्रोग्राम में और किसान आंदोलन के जरिए खालिस्तान का झंडा लगाने की कोशिश अलग की जाएगी 

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