लखीसराय में पथराव करने वाले 19 संदिग्धों की तस्वीरें जारी (फोटो साभार: एक्स @LakhisaraiP)
कॉकरोच और इनको समर्थन देने वाली पार्टियां पेपर लीक मुद्दे पर सिर्फ बीजेपी शासित राज्यों में उपद्रव किये जा रहे हैं? जिन गैर-बीजेपी शासित राज्यों में पेपर हुए हैं वहां के शिक्षा मंत्रियों का इस्तीफा क्यों नहीं माँगा जाता? जो साबित करता है कि उपद्रव प्रायोजित है। कहाँ से कौन इसकी फंडिंग कर रहा है, गृह मंत्रालय, रॉ और गुप्तचर एजेंसियों को जाँच कर उन लोगों पर कार्यवाही करनी चाहिए। अगर मुद्दा NEET पेपर लीक का है तो खालिद उमर के नारे क्यों? सनातन विरोधी नारे क्यों? मंशा साफ है भारत विरोधियों की भीख पर नाचने वाले देश में उपद्रव कर देश को बदनाम करने का काम कर रहे हैं। CAA विरोध से लेकर अब NEET पेपर लीक तक जितने भी उपद्रव हुए हैं सभी लगभग एक ही नारों का इस्तेमाल हो रहा है।
दिल्ली के बाद NEET पेपर लीक को लेकर बिहार में भी छात्रों का आंदोलन देखा गया था। विपक्षी दलों के छात्र संगठनों ने प्रतिरोध मार्च के दौरान हिंसा फैलाई थी। अब इस मामले को लेकर बिहार पुलिस ने जाँच तेज कर दी है।
बिहार पुलिस CCTV कैमरों के जरिए दंगाइयों और उपद्रवियों की पहचान कर ली है। पुलिस के अनुसार पटना समेत पाँच जिलों में अभियान चलाकर 350 से अधिक लोगों को गिरफ्तार किया गया और सबसे ज्यादा गिरफ्तारी पटना में हुई।
पटना से 258 लोगों को गिरफ्तार किया गया। वहीं सारण जिले में पुलिस ने 200 से अधिक लोगों को हिरासत में लिया। इनमें से 30 आरोपितों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
वहीं सासाराम में हिंसा में शामिल 35 लोगों की पहचान की गई है और उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। पुलिस की रडार पर कुल 1500 से ज्यादा उपद्रवी हैं।
ड्रोन, सीसीटीवी और सोशल मीडिया फुटेज से हो रही पहचान
पुलिस के अनुसार, 25 जुलाई 2026 को आयोजित प्रतिरोध मार्च के दौरान समाहरणालय गेट और आसपास के इलाके में हुई पूरी घटना की रिकॉर्डिंग ड्रोन कैमरों, CCTV और अन्य Video माध्यमों से की गई थी। इन सभी डिजिटल साक्ष्यों का विश्लेषण करने के बाद 19 संदिग्धों की तस्वीरें पुलिस के आधिकारिक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर जारी की गई हैं।
अधिकारियों ने आम नागरिकों से अपील की है कि यदि वे इनमें से किसी भी व्यक्ति को पहचानते हैं तो पुलिस को तत्काल सूचना दें। इसके लिए विशेष हेल्पलाइन और संबंधित अधिकारियों के मोबाइल नंबर भी जारी किए गए हैं। पुलिस का कहना है कि साक्ष्यों के आधार पर हिंसा में शामिल हर व्यक्ति की पहचान कर उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
* उपद्रवियों से सावधान *
— Lakhisarai Police (@LakhisaraiP) July 25, 2026
आज दिनांक-25.07.26 को लखीसराय जिला के समाहरणालय गेट एवं आस-पास के क्षेत्रों में हुए प्रदर्शन के दौरान कुछ उपद्रवी असामाजिक तत्वों के द्वारा निजी वाहनों की तोड़-फोड़ एवं पुलिस बल पर डंडा,बोतल एवं अन्य सामान फेक कर प्रदर्शन को उग्र एवं हिंसक बनाने का..(1/3) pic.twitter.com/q0xOlkXzBy
13 नामजद, 100 अज्ञात पर प्राथमिकी, एक आरोपी गिरफ्तार
घटना के संबंध में कबैया थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई है। FIR में युवा राजद के जिलाध्यक्ष विनय कुमार साव, छात्र नेता रौशन कुमार सिन्हा सहित 13 लोगों को नामजद आरोपित बनाया गया है, जबकि 100 अज्ञात लोगों के खिलाफ भी मामला दर्ज किया गया है।
जाँच के दौरान वीडियो फुटेज के आधार पर अमहरा थाना क्षेत्र के विक्कम निवासी अनुज कुमार के पुत्र पीयूष कुमार की पहचान कर उसे गिरफ्तार किया गया है। गिरफ्तारी के बाद आरोपित को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। थाना अध्यक्ष रणधीर कुमार ने बताया कि अन्य संदिग्धों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए लगातार कार्रवाई जारी है।
नीट पेपर लीक के विरोध में निकला मार्च, पथराव में महिला सिपाही घायल
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, नीट परीक्षा पेपर लीक, केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे और अन्य माँगों को लेकर विपक्षी दलों के छात्र संगठनों ने राज्यव्यापी आंदोलन के तहत लखीसराय में प्रतिरोध मार्च निकाला था। जब प्रशासन ने समाहरणालय गेट पर मार्च को आगे बढ़ने से रोका तो स्थिति तनावपूर्ण हो गई।
पुलिस का कहना है कि भीड़ में शामिल कुछ असामाजिक तत्वों ने अचानक पथराव शुरू कर दिया और पुलिस बल पर ईंट, पत्थर, डंडे, बोतलें तथा अन्य वस्तुएँ फेंकी। इस दौरान आसपास खड़े निजी वाहनों में भी तोड़फोड़ की गई और सरकारी कार्य में बाधा पहुँचाने का प्रयास किया गया।
हिंसा में महिला सिपाही वर्षा कुमारी गंभीर रूप से घायल हो गईं, जिनके सिर में पत्थर लगने से गहरी चोट आई। हालात बिगड़ने पर पुलिस ने बल प्रयोग कर भीड़ को तितर-बितर किया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आंदोलन की आड़ में कानून-व्यवस्था बिगाड़ने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
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