सारे नियम-कायदे ताक पर रख दामाद सेवा कांग्रेस के DNA है। सोनिया गाँधी के दामाद रोबर्ट वाड्रा का झगड़ा निपटा भी नहीं कि कांग्रेस पार्टी के एक और दामाद इन दिनों खासे चर्चा हैं। ये हैं छत्तीसगढ़ में कांग्रेस सरकार के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के दामाम। भूपेश बघेल ने अपने दामाम प्रेम में सारे नियम कानूनों को दरकिनार कर उसके दिवालिया हो चुके विवादित चंदूलाल चंद्राकर मेमोरियल मेडिकल कॉलेज के अधिग्रहण का फैसला लिया है। विपक्ष ही नहीं सरकार के स्वास्थ्य मंत्री भी इसका विरोध कर रहे हैं, लेकिन भूपेश बघेल को कोई फर्क नहीं है और उन्होंने कानून बना कर इस मेडिकल कॉलेज के अधिग्रहण की तैयारी शुरू कर दी है।
चंदूलाल चंद्राकर मेडिकल कॉलेज के छात्रों और कुछ अभिभावकों से आज मुलाकात हुई।
— Bhupesh Baghel (@bhupeshbaghel) July 28, 2021
वे चिंतित थे कि सरकार कॉलेज के अधिग्रहण का इरादा न छोड़ दे।
मैंने उन्हें आश्वस्त किया है कि सरकार बच्चों के भविष्य के लिए उठाया गया कदम कतई पीछे नहीं खींचेगी। pic.twitter.com/ae5w4zlzWR
दुर्ग में स्थित चंदूलाल चंद्राकर मेमोरियल मेडिकल कॉलेज का मालिकाना हक जिस परिवार के पास है, उसी परिवार में भूपेश बघेल की बेटी की शादी हुई है। इस कॉलेज का स्वामित्व चंदूलाल चंद्राकर मेमोरियल हॉस्पिटल (CCMH) के पास है, जो एक ग़ैर-सूचीबद्ध कंपनी है। इस कंपनी का रजिस्ट्रेशन मार्च 1997 में हुआ था। इस कंपनी का रजिस्ट्रेशन मार्च 1997 में हुआ था। दुर्ग से 5 बार सांसद रहे कॉन्ग्रेस नेता चंदूलाल चंद्राकर का निधन 1995 में 74 वर्ष की अवस्था में हुआ था। वो केंद्रीय मंत्री भी रहे थे। छत्तीसगढ़ राज्य के गठन हेतु आंदोलन चलाने के लिए भी उन्हें जाना जाता है। CCMH के निदेशक मंगल प्रसाद चंद्राकर और चंद्राकर समुदाय की मांग के बाद इस अस्पताल को विकसित किया गया था। मंगल प्रसाद चंद्राकर इस अस्पताल के 5% शेयर्स के मालिक हैं।
चंदूलाल चंद्राकर मेडिकल कॉलेज के छात्रों और कुछ अभिभावकों से आज मुलाकात हुई।
— Bhupesh Baghel (@bhupeshbaghel) July 28, 2021
वे चिंतित थे कि सरकार कॉलेज के अधिग्रहण का इरादा न छोड़ दे।
मैंने उन्हें आश्वस्त किया है कि सरकार बच्चों के भविष्य के लिए उठाया गया कदम कतई पीछे नहीं खींचेगी। pic.twitter.com/ae5w4zlzWR
छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा ड्राफ्ट किए गए बिल में इस अस्पातल के अधिग्रहण की योजना है, क्योंकि ये वित्तीय रूप से कमजोर हो चुका है। बिल में बताया गया है कि जनहित में इस मेडिकल कॉलेज का अधिग्रहण आवश्यक है। छत्तीसगढ़ सरकार कॉलेज की चल-अचल संपत्तियों का अधिग्रहण करेगी और बदले में रुपये CCMH को देगी। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार इस ड्राफ्ट को तैयार कर रहे अधिकारी भी असहज हैं, क्योंकि सीएम भूपेश बघेल की बेटी दिव्या की शादी मंगल प्रसाद चंद्राकर के भतीजे क्षितिज चंद्राकर से हुई है। भूपेश बघेल के दामाद क्षितिज चंद्राकर ‘ऑल इंडिया प्रोफेसनल कॉन्ग्रेस’ की छत्तीसगढ़ यूनिट के अध्यक्ष भी हैं।
भूपेश बघेल जी के रिश्तेदारों को उपकृत करने का एक दुष्प्रयास:
— OP Choudhary (@OPChoudhary_Ind) July 27, 2021
आज के इंडियन एक्सप्रेस अखबार में एक आर्टिकल पढ़ा।आर्टिकल के अनुसार छत्तीसगढ़ की भूपेश बघेल की कांग्रेस सरकार 'चंदूलाल चंद्राकर मेमोरियल मेडिकल कॉलेज' को अधिग्रहित करने के लिए एक कानून ला रही है। pic.twitter.com/ws0aqHJlAL
भूपेश बघेल ने इस मेडिकल कॉलेज का अधिग्रहण करने की घोषणा फरवरी में ही सोशल मीडिया पर कर दी थी। CCMH पर फ़िलहाल 125 करोड़ रुपए का कर्ज है, जिसमें एक बड़ा हिस्सा अनसिक्योर्ड है। अप्रैल 2018 में मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया (MCI) ने इस कॉलेज को धोखाधड़ी में लिप्त पाया था। 2017 के बाद से इस कॉलेज के पास कोई मान्यता ही नहीं है। अधिकारीगण कह रहे हैं कि बिल के विधानसभा में आने से पहले वो कुछ नहीं कह सकते।
छत्तीसगढ़ के सीएम भूपेश बघेल अपने दामाद का निजी महाविद्यालय बचाने के लिए उसे सरकारी कोष से खरीदने की कोशिश में हैं. प्रदेश की राशि का उपयोग अपने दामाद के लिए, वो भी एक ऐसा मेडिकल कॉलेज जिस पर धोखाधड़ी के आरोप मेडिकल काउंसिल ऑफ़ इंडिया द्वारा लगाए गए थे. कौन बिकाऊ है, कौन टिकाऊ ?
— राधादेव शर्मा 🇮🇳 (@RADHA_83) July 27, 2021
छत्तीसगढ़ में कांकेर, महासमुंद और कोरबा के लिए मेडिकल कॉलेज की घोषणा हुई थी,पर इसके लिए भूपेश सरकार के पास कोई न तो कार्य योजना है ,न कोई बिल...
— Mukesh Kaushik🇮🇳 (@iMukeshKaushik) July 27, 2021
पर इन्हें अपने दामाद को सरकारी-दहेज देना हैं..
अंततः गांधी परिवार के पदचिन्हों पर चल पड़े भूपेश..!!#Team_HallaBol pic.twitter.com/L8CCVXlhXB
अपनी बेटी की सुसराल के लिए जनता के पैसे का दुरूपयोग?
— 🕉️ curious Lalit 🇮🇳 (@lalitksharma) July 28, 2021
बहुत शर्म की बात है.
भ्रष्टाचार तो काँग्रेस के डीएनए में है.
इटालियन माफिया. pic.twitter.com/i2yGvVbDeH
केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने भी इसे लेकर हमला बोला है। उन्होंने कहा कि भूपेश बघेल अपने दामाद का निजी महाविद्यालय बचाने के लिए उसे सरकारी कोष से खरीदने की कोशिश में हैं। श्री सिंधिया ने आरोप लगाया कि प्रदेश की राशि का उपयोग अपने दामाद के लिए किया जा रहा है, वो भी एक ऐसा मेडिकल कॉलेज जिस पर धोखाधड़ी के आरोप MCI द्वारा लगाए गए थे।
भूपेश बघेल अपने दामाद का निजी महाविद्यालय बचाने के लिए उसे सरकारी कोष से खरीदने की कोशिश में हैं।प्रदेश की राशि का उपयोग अपने दामाद के लिए,वो भी एक ऐसा मेडिकल कॉलेज जिस पर धोखाधड़ी के आरोप मडिकल कौंसिल ऑफ़ इंडिया द्वारा लगाए गए थे।कौन बिकाऊ है और कौन टिकाऊ,इसकी परिभाषा अब साफ है!
— Jyotiraditya M. Scindia (@JM_Scindia) July 27, 2021
मुख्यमंत्री बघेल ने इसे छात्रों का भविष्य बचाने वाला फैसला करार देते हुए आरोपों को निराधार बताया। उन्होंने दावा किया कि इससे प्रदेश में नया मेडिकल कॉलेज बनाने का खर्च बचेगा और हर साल 150 नए डॉक्टर मिलेंगे। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि हम सार्वजनिक क्षेत्र के पक्षधर लोग हैं और रहेंगे, साथ ही ये भी दावा किया कि हम ‘उनकी’ तरह जनता की संपत्ति बेच नहीं रहे हैं।
चंदूलाल चंद्राकर मेडिकल कॉलेज के छात्रों और कुछ अभिभावकों से आज मुलाकात हुई।
— Bhupesh Baghel (@bhupeshbaghel) July 28, 2021
वे चिंतित थे कि सरकार कॉलेज के अधिग्रहण का इरादा न छोड़ दे।
मैंने उन्हें आश्वस्त किया है कि सरकार बच्चों के भविष्य के लिए उठाया गया कदम कतई पीछे नहीं खींचेगी। pic.twitter.com/ae5w4zlzWR
भले #SI_भर्ती रुकी रहे पर दामाद बाबू का हॉस्पिटल सरकारी कर के ही रहेंगे। pic.twitter.com/xn8iGwZozU
— #saveCGSI2018 (@yogiyogesh0092) July 28, 2021
इधर सोशल मीडिया पर भी बड़ी संख्या में लोग सीएम भूपेश बघेल के दामाद प्रेम और जनता के पैसे की बर्बादी को लेकर लानत-मलानत कर रहे हैं।

No comments:
Post a Comment