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सपा विधायक पल्लवी पटेल |
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साभार सोशल मीडिया |
उन्होंने इसके साथ ही सपा नेता स्वामी प्रसाद मौर्य के बयान पर अप्रत्यक्ष रूप से समर्थन दिया और साथ ही पूछा कि उन्होंने इतनी देर से आपत्ति क्यों उठाई। अगर उन्हें इस बात का बुरा लगा था तो उन्होंने पहले ही पार्टी छोड़ देनी चाहिए थी। लेकिन वह भाजप के साथ बने रहे। पल्लवी दरअसल स्वामी प्रसाद मौर्य के उस बयान का संदर्भ दे रही थी जिसमें उन्होंने कहा था कि अखिलेश यादव ने जब सीएम की कुर्सी छोड़ी थी, तब उस कुर्सी को गंगाजल से धोया गया था।
#WATCH रामायण के कई खंड हैं, कई लेखकों ने इसे लिखा है। तुलसीदास ने सभी रामायण के अंश लेकर अपने विचार को जोड़ते हुए रामचरितमानस लिखी है। वे एक अनुवादक हैं: सपा विधायक पल्लवी पटेल, गोंडा, उत्तर प्रदेश pic.twitter.com/fhUDMSooSW
— ANI_HindiNews (@AHindinews) February 5, 2023
If you are so dare devil poltician & feel immence pride in commenting on Ramcharitmanas, very good.Please equally comment on kuran & bible too & see the result.your dirty poltical ambition will be vanished & you will not be seen.
— v k verma (@vkv_1957) February 7, 2023
पललवी ने रामचरितमानस से कुछ शब्दों को हटाने की माँग की और अपने बयान में कहा, “बहुत से लेखकों ने इसे लिखा है। और, वाल्मीकि जी की रामायण को जिन्होंने अनुवाद किया है, उन्होंने सभी रामायणों का अनुवाद करके और उसमें अपने विचार मिलाकर रामचरितमानस का निर्माण किया है। इस्लाम और कुरान में लिखा है कि मूर्ति पूजन हराम है, लेकिन मैं यह नहीं मानती। हमारे लिए मूर्ति पूजा साकार ब्रह्म है। जिसको मैं मानती नहीं हूँ। उसकी मैं बात नहीं करती हूँ। किसी पंक्ति को हटाना, महत्वपूर्ण नहीं है। हमें आंदोलन इतना बड़ा करना है कि लोगों की मानस पटल से यह बात हटें। सबसे पहले शूद्र शब्द को हटाने की बात होती है। शूद्रों का जिस तरह से दमन हुआ है। उनका शोषण हुआ है। इस चीज को लोगों के मन से हटना जरूरी है।”
BREAKING | रामचरितमानस को लेकर विवाद बढ़ा
— ABP News (@ABPNews) February 5, 2023
- सपा विधायक पल्लवी पटेल ने खोला मोर्चा
- 'रामचरितमानस के कुछ शब्द हटाएंगे' -पल्लवीhttps://t.co/smwhXUROiK | @Sheerin_sherry | @sanjayjourno #Breaking #Ramcharitmanas #SamajwadiParty #PallaviPatel pic.twitter.com/ZQRmnC7LcU
रामायण में कोई विवादित शब्द नहीं है , कुछ नौसिखिए टीकाकारों ने अर्थ का अनर्थ कर दिया है , रही सही कसर मिडिया ने पूरी कर दी है !!!
— पृथ्वी राज शर्मा (@P_R_Pandit_505) February 5, 2023
मिडिया के पास जन सरोकार का कोई मुद्दा ही नहीं है सिवाय नफ़रत की धूनी सुलगती रखने के !
ताड़ना का अर्थ परखना है, किसी भी भाषा में पीटना नहीं है !
Ek aur aa gayi ganwaar Aurat SP k bede se.. ye log sochte hain ye sanatan dharm pe ungli uthayenge to inhe vote mil jayega... bhul jao.. 2017, 2019, 2022 main apna haal dekh chuke ho 2024 m is se bhi bura haal hoga mullah mulayam ki party ka
— Baba Bakchod (@BabaBak04966711) February 5, 2023
उन्होंने आगे कहा कि रामचरितमानस में यह भी लिखा हुआ है कि ढोल्, गँवार, शुद्र, पशु, नारी, सब हैं ताड़न के अधिकारी। साथ ही धमकी के अंदाज़ में कहा कि मैं आपके सामने नारी बैठी हुई हूँ, कोई करके दिखा दे मेरी ताड़ना। यह पूछे जाने पर कि क्या आप रामचरितमानस में विश्वास नहीं करती हैं, उन्होंने कहा, “मैं रामचरितमानस में विश्वास नहीं करती हूँ। मैं उन्हें संत नहीं मानती हूँ। मैं उन्हें केवल एक अनुवादक मानती हूँ। वो एक ऐसे व्यक्ति थे, जिन्होंने सभी रामायण को पढ़ते हुए एक नई रामायण का निर्माण किया।”
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