राजस्थान : ‘सीता की सुंदरता से पागल थे राम और रावण’: राजेन्द्र सिंह गुढ़ा, गहलोत सरकार के मंत्री के बिगड़े बोल, भगवान राम को ‘मनहूस’ भी बता चुके हैं

मंत्री राजेंद्र सिंह गुढ़ा ने किया हिंदू अराध्यों का अपमान (फोटो साभार: Patrika, BoldSky)
हिंदू देवी-देवताओं का अपमानित करने का कांग्रेसियों का इतिहास पुराना रहा है। राजस्थान में विधानसभा चुनाव नजदीक आते ही एक कांग्रेस नेता ने माता सीता को अपमानित करने वाला बयान दिया है। गहलोत सरकार में मंत्री राजेन्द्र सिंह गुढ़ा ने न केवल खुद की तुलना माता सीता से की है, बल्कि यह भी कहा है कि भगवान राम और रावण दोनों ही माता सीता की सुंदरता के चलते पागल थे।

राजस्थान के होमगार्ड और सैनिक कल्याण राज्य मंत्री राजेन्द्र सिंह गुढ़ा झुंझुनूं के गुढ़ागौड़जी सीएचसी में एक्सरे मशीन का उद्घाटन करने पहुँचे थे। इस दौरान गुढ़ा ने कहा, “सीता माता की सुंदरता की कोई कल्पना नहीं की जा सकती। उनके आकर्षण के कारण ही श्रीराम और रावण जैसे अद्भुत इंसान पागल हो गए। उनकी सुंदरता की कोई कल्पना नहीं की जा सकती। इसी तरह गहलोत और पायलट दोनों आजकल मेरे पीछे भाग रहे हैं। मुझमें कोई तो क्वालिटी होगी।”

गुढ़ा ने आगे कहा,”आजकल लोग चर्चा कर रहे हैं कि गुढ़ा इस बार कौन सी पार्टी से टिकट लाएगा। मैं उन लोगों को बताना चाहता हूँ कि मुझे तो मेरे काम के आधार पर, मेरे खुद के चेहरे पर वोट मिलते हैं। किसी पार्टी के चुनाव चिन्ह पर नहीं।” बता दें कि राजेन्द्र सिंह गुढ़ा इससे पहले भी अपने बयानों के चलते विवादों में रहे हैं। नवंबर 2021 में उन्होंने कहा था कि उनके गाँव की सड़कें ‘हेमा मालिनी के गाल’ की तरह होनी चाहिए। कुछ देर रुकने के बाद उन्होंने हँसते हुए आगे कहा था कि हेमा मालिनी अब बूढ़ी हो चुकी हैं। इसलिए उनके गाँव की सड़कें ‘कैटरीना कैफ के गाल’ की तरह होनी चाहिए।

गहलोत सरकार में मंत्री गुढ़ा के इस बयान पर BJP ने कड़ा एतराज जताते हुए उन्हें बर्खास्त करने की माँग की है। भाजपा प्रवक्ता शहजाद पूनावाला ने ट्वीट कर कहा है, “यह बयान चौकाने वाला है। इसे किसी भी तरह से स्वीकार नहीं किया जा सकता। अशोक गहलोत के मंत्री ने कहा कि प्रभु राम माता सीता की सुंदरता के पीछे पागल थे। माता सीता और प्रभु राम पर बेहद आपत्तिजनक टिप्पणी कांग्रेस का असली हिंदू विरोधी चेहरा दिखाती है। श्रीराम के अस्तित्व को नकारा, राम मंदिर का विरोध किया, हिंदू आतंकवाद का नैरेटिव तैयार किया, गीता प्रेस का विरोध और अब प्रभु राम और माता सीता का अपमान। कांग्रेस को इस व्यक्ति को बर्खास्त करना चाहिए।”

हिंदू देवी-देवताओं का अपमान करते रहे हैं कांग्रेसी 

इससे पहले इसी साल अप्रैल में कॉन्ग्रेस नेता चताराम देशबंधु ने कथित तौर पर भगवान राम के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी की थी। चताराम ने भगवान राम को ‘घटिया मनहूस आदमी’ कहा था। वहीं राजस्थान की मंत्री शकुंतला रावत ने फरवरी 2023 में अशोक गहलोत की तुलना भगवान से की थी। अक्टूबर 2022 में राजस्थान सरकार में मंत्री परसादी लाल मीणा ने राहुल गाँधी को भगवान राम से बड़ा बता दिया था। मीणा ने कहा था कि राहुल गाँधी 3500 किलोमीटर की पैदल यात्रा कर रहे हैं और वह भगवान राम से अधिक पैदल चल रहे हैं। त्रेता युग में वनवास के समय भगवान राम ने भी इतनी लंबी यात्रा नहीं की थी। मीणा ने आगे कहा था कि भगवान राम अयोध्या से श्रीलंका तक पैदल गए थे और उससे भी ज्यादा राहुल गाँधी की यह ऐतिहासिक पदयात्रा जो कन्याकुमारी से लेकर कश्मीर तक जाएगी।

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