भारत से अलग हुए दोनों मुल्क फेल हुए; अमेरिका चीन के मंसूबे सफल, भारत को अब पूरब पश्चिम और उत्तर तीनों दिशाओं से खतरा

सुभाष चन्द्र

जो तख्तापलट 5 अगस्त को हुआ बांग्लादेश में और शेख हसीना को गद्दी छोड़ कर भागना पड़ा, उसने एक बार फिर साबित कर दिया कि मज़हब के सहारे देश नहीं चल सकता। पाकिस्तान फेल हुआ और अब बांग्लादेश पहले पाकिस्तान भारत से निकला एक गुलाम बच्चे को गोद में उठा कर और फिर वह बच्चा आज़ाद हो गया लेकिन गिरता पड़ता पाकिस्तान की ही राह पर चला

अमेरिका और चीन चाहते थे भारत का पूर्वी बॉर्डर भी उसके लिए सिरदर्द बने लेकिन शेख हसीना के रहते वह हो नहीं पा रहा था और यही चाहता था पाकिस्तान जो हो सकता है इस तख्तापलट की पीछे हो उनकी मंशा हमारे मणिपुर को भी अलग करने की है लेकिन अभी सफल नहीं हो रहे, ये दोनों मुल्क भारत में ऐसी ही अराजकता चाहते है जो पहले श्रीलंका में भी हुई थी

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चर्चित YouTuber 
दूसरे के लिए गड्ढा खोदने वाले भूल जाते हैं कि हो सकता है कोई गड्ढा उनके लिए भी खोद रहा हो जिसमें वो भी गिरेंगे

शेख हसीना कुछ समय से हिंसक माहौल झेल रही थी लेकिन वो हिंसक लोग “हिंदू” नहीं थे और उसने मोदी से अपनी सेना की एक कंपनी तैनात करने के लिए मांग की थी लेकिन मोदी ने राजीव गांधी की गलती नहीं की और सेना भेजने से मना कर दिया यह कह कर कि आपके अंदरूनी मामले में हम दखल नहीं देंगे 

ऐसी खबरें हैं शेख हसीना अगरतला पहुंच गई है, और भारत में शरण मांग सकती है और एक खबर है भारत से वे लंदन चली जाएगी और वही रहेगी जहां शरण मिल सकती है लेकिन अब ब्रिटेन में भी कट्टरपंथी मुझ में हैं, वो शायद शरण नहीं देने दें यह तो हर किसी को पता है कि भारत में बांग्लादेशी और रोहिंग्या की भरमार है शेख हसीना को शरण देने पर भारत में बैठे मुस्लिम बांग्लादेशियों और रोहिंग्या के साथ दंगे कर सकते हैं जैसे तस्लीमा नसरीन के खिलाफ किये थे 

बांग्लादेश से पहले ही बहुत घुसपैठ हो चुकी है 50 साल में और ममता के राज में अभी तक हो रही है याद होगा एक व्यक्ति के घर से बांग्लादेश तक सुरंग मिली है जिससे रोज सैंकड़ो बांग्लादेशी बंगाल में घुस रहे थे ममता ने तो बंगाल को एक दूसरा ही बांगलादेश बना दिया है, और वो बांग्लादेश और बंगाल को मिलकर खुद नए देश की सत्ता संभालना चाहती है

शेख हसीना ने अपने मुल्क को आर्थिक तौर पर सशक्त बनाया लेकिन कट्टरपंथियों ने उसका लगातार विरोध किया और आज उसे उखाड़ फेंका और जो उनके पीछे खड़े हैं, उन्हें कोई भी देश फलता फूलता अच्छा नहीं लगता उनका लक्ष्य भारत रहा है लेकिन सशक्त मोदी खड़ा है पर वो लगे हैं देश में फैलाये गए “केरोसिन” पर तिल्ली लगाने की और उन्हें भारत के विपक्षी दलों का सहयोग प्राप्त है क्योंकि विपक्ष का भी निशाना भारत को बर्बाद करना है

बांग्लादेश में पहले से हिंदू सुरक्षित नहीं थे और अब तो उनका भगवान ही मालिक है

बांग्लादेश के आर्मी चीफ वाकर-उज़-ज़मान ने कहा है अंतरिम सरकार का गठन किया जायेगा वो आर्मी चीफ अभी 23 जून को बने थे और शेख हसीना का मनपसंद जनरल भी रहे होंगे अगर वो सत्ता संभालते हैं टी मुझे कुछ आशंक है कि जमान ही कुछ समय में हालात पर काबू पा कर शेख हसीना की वापसी की डगर बनाएंगे 

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