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ब्रिटेन के खालिस्तान समर्थक खालसा टीवी ने अपना लाइसेंस सरेंडर किया; प्राइम टाइम पर दिखाता था- जलता लाल किला, इंदिरा गाँधी के मुँह से खून

ब्रिटेन में खालसा टेलीविजन लिमिटेड (Khalsa Telivision Ltd- KTV) ने मीडिया वॉचडॉग ऑफकॉम की कार्रवाई के बाद अपना प्रसारण लाइसेंस सरेंडर कर दिया है। ऑफकॉम की जाँच में पाया गया कि केटीवी पर 95 मिनट के ‘प्राइम टाइम’ शो में हिंसा के लिए उकसाया गया था। 

इस साल 31 मार्च को जाँच के बाद ब्रिटिश टेलीकॉम रेगुलेटर ‘ऑफिस ऑफ कम्युनिकेशंस- ऑफकॉम’ (British Telecom regulator Ofcom) ने उसका (KTV) प्रसारण लाइसेंस निलंबित कर दिया था। जाँच के दौरान यह खुलासा हुआ था कि खालसा टेलीविजन लिमिटेड या केटीवी ने प्रसारण नियमों का उल्लंघन किया और खालिस्तान समर्थक दुष्प्रचार में शामिल रहा।

ऑफकॉम के मुताबिक, ‘प्राइम टाइम’ शो के दौरान प्रस्तुतकर्ता (Anchor) जगजीत सिंह जीता ने भड़काऊ बयान दिए थे। उसने सिखों से सिख अलगाववादी नेताओं का अनुसरण करने और खालिस्तान के लिए हत्या सहित किसी भी तरह की हिंसा को जायज बताया था। यह टेलीविजन चैनल यूनाइटेड किंगडम (UK) में सिख समुदाय द्वारा संचालित किया जाता है।

ऑफकॉम ने अपने आदेश में कहा था कि यह बयान अपराध और अव्यवस्था को बढ़ावा देने वाला और नियमों के खिलाफ है। आदेश में यह भी कहा गया था, “इस उल्लंघन की गंभीर प्रकृति को देखते हुए और हमारे निलंबन नोटिस में निर्धारित कारणों के तहत हम खालसा टेलीविजन लिमिटेड के यूके में प्रसारण के लाइसेंस को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर रहे हैं।”

खालिस्तानी नेटवर्क ने भारत के खिलाफ हिंसा का किया था आह्वान

यह टीवी चैनल भारत में हिंसा को बढ़ावा देने के लिए कुख्यात है। पिछले साल फरवरी में ऑफकॉम ने खालिस्तान समर्थक नेटवर्क- खालसा टेलीविजन (KTV) पर एक कार्यक्रम के दौरान चर्चा में घृणा फैलाने और हिंसा को बढ़ावा देने के कारण 50,000 पाउंड का जुर्माना लगाया था। इस चर्चा में आतंक का संदर्भ देते हुए ब्रिटिश सिखों को हिंसा करने के लिए उकसाया गया था। उस दौरान ब्रिटिश मीडिया नियामक ऑफकॉम ने केटीवी को चेतावनी दी थी कि वह इस तरह की भड़काऊ सामग्री परोस कर नियमों का उल्लंघन ना करे।
वीडियो एवं शो में भारतीय लोगों के खिलाफ हिंसक कार्रवाई की अपील और सिख अलगाववादी आंदोलनों को बढ़ावा देने वाले हिंसक कृत्यों का महिमामंडन किया गया था। शो में सिख धर्म की आलोचना करने वालों के खिलाफ हिंसा और आतंकवादी संगठनों को वैध बताया। संगीत वीडियो में पूर्व भारतीय प्रधानमंत्री इंदिरा गाँधी की तस्वीरें थीं और उस तस्वीर के मुँह से खून टपक रहा था।
उसके कैप्शन में लिखा था, “तूने मासूमों का खून पिया, दुष्ट औरत”। गीत में लिखा था, “लड़ाके तेरे राज्य को नष्ट कर देंगे”। इस में दिल्ली के लाल किले को आग की लपटों में दिखाया गया था। इस शो और वीडियो को ऑफकॉम ने ‘भारत के खिलाफ हिंसक कार्रवाई की वकालत करने वाला’ माना था।