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इस्लाम में बाल शोषण: तस्लीमा नसरीन पर ‘वेश्या’ की गाली, टूट पड़े कट्टरपंथी

इस्लाम के संदर्भ में जब-जब महिलाओं की बात होती है तो सबसे पहले दिमाग में हिजाब, नकाब, बुर्का उभर कर आते हैं। कई नारीवादियों का मानना रहा है कि ये पोशाक इस्लाम में पसरी कट्टरता और पितृसत्ता का प्रभाव है। तस्लीमा नसरीन ऐसी ही एक नारीवादी हैं, जो इस मजहबी कट्टरता का पुरजोर विरोध करती हैं और इस बेबाक रवैये के कारण उन्हें आए दिन कट्टरपंथियों के गुस्से का शिकार होना पड़ता है।

फरवरी 21, 2021 की शाम एक बार दोबारा ऐसा ही हुआ, जब उन्होंने हिजाब पहनी छोटी बच्ची की तस्वीर अपने सोशल मीडिया हैंडल्स पर डाली। तस्लीमा ने इन तस्वीरों के साथ लिखा, “इस्लाम इन बच्चों से इनका बचपन छीन रही है। इनके अभिभावकों को बाल अधिकार नकारने के लिए दंडित किया जाना चाहिए। ये निश्चित तौर पर बाल शोषण है।”

तस्लीमा के इस ट्वीट के बाद कई लोग ऐसे दिखे, जिन्होंने उनका पूर्णत: समर्थन किया, मगर कुछ ने मामले की गंभीरता को नकारते हुए इसे इस्लाम पर हमले जैसे माना और लेखिका को गाली देने लगे।

हसन मुहम्मद ने इस ट्वीट को रीट्वीट करते हुए लिखा, “जब वेश्या के मुँह से शब्द निकलते हैं तो हिंसक शब्दों के अलावा कुछ बाहर नहीं आता।”

नौमन खान लिखते हैं, “जिस महिला को अपनी लापरवाही के कारण अपने ही देश से प्रतिबंधित कर दिया गया, वो अब इस्लामी जगत को सिखाएगी। आपकी जानकारी के लिए आपको बता दें कि आधुनिकता अपना तन ढकने में है क्योंकि नग्नता पहले हुआ करती थी, जब ब्राह्मण दलितों को उनका वक्ष ढकने से रोकते थे। इसके और भी उदाहरण हैं।”

सैयद लिखते हैं, “तुम्हें हमसे क्या मतलब है? क्या तुम मुस्लिमों, इस्लाम, और कुरान के अलावा कुछ और नहीं सोच सकती। शायद ऐसा इसलिए है क्योंकि तुम जानती हो कि सच क्या है और तुम उसे मानने को तैयार नहीं। तुम्हें बहुत दिक्कत है। तुम इस्लामोफोब हो।”

जुनैद अनवर लिखते हैं, “तुम्हें अपने काम से काम रखना चाहिए और सिर्फ पश्चिम की आलोचना करनी चाहिए और उनके द्वारा किए गए बाल शोषण पर बोलना चाहिए।”

केरल : ‘फेमिनिस्ट अंडरवियर नहीं पहनती’: यूट्यूबर

                             महिला 'एक्टिविस्ट्स' ने यूट्यूबर पर मोटर ऑयल डाला (साभार: Facebook/ Diya Sana)

डबिंग कलाकार भाग्यलक्ष्मी और महिला ‘एक्टिविस्ट्स’ दीया सना और श्रीलक्ष्मी अरकल सहित महिलाओं के एक समूह ने यूट्यूबर विजय पी नायर पर यूट्यूब पर महिलाओं का अपमान करने वाला वीडियो डालने के लिए हमला किया और उन पर मोटर ऑयल डाल दिया।

सितंबर 26, 2020 को तीनों महिला एक्टिविस्ट्स ने तिरुवनंतपुरम में डॉ. विजय पी नायर के कमरे में घुसकर हमला किया। चौंकाने वाली बात यह है कि स्वयंभू कार्यकर्ता दीया सना ने अपने फेसबुक प्रोफाइल पर इस घटना का लाइव वीडियो भी शेयर किया।

वायरल हुए वीडियो में देखा जा सकता है कि भाग्यलक्ष्मी और दीया सना नामक दो महिलाओं ने यूट्यूबर को थप्पड़ मारा और उसके सिर पर काला तेल भी डाला। महिलाएँ एक वीडियो यूट्यूब पर डालने पर उसके घर पर गईं और फिर ऐसा करने के लिए थप्पड़ मारा।

जब महिलाएँ थप्पड़ मार रही थी, तो यूट्यूबर नायर हाथ जोड़कर माफी माँग रहे थे। महिला ‘एक्टिविस्ट्स’ ने उनसे अपने चैनल पर अपलोड किए गए वीडियो को हटाने के लिए भी कहा।

इस बीच, वीडियो में नारीवादियों को बदनाम करने के लिए थानापूर पुलिस स्टेशन में नायर के खिलाफ एक शिकायत दर्ज की गई है। इन तीन महिला एक्टिविस्ट्स ने यूट्यूबर से जबरदस्ती लैपटॉप और अन्य गैजेट्स छीन लिए थे, जिन्हें पुलिस स्टेशन में जमा किया गया।

कथित तौर पर, इन महिला ‘एक्टिविस्ट्स’ ने एक महीने पहले उनके यूट्यूब चैनल पर नायर द्वारा पोस्ट किए गए वीडियो को लेकर हमला किया। यूट्यूब वीडियो में नायर ने कथित तौर पर केरल में कुछ नाीवादियों के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी की थी। नायर ने “भारत में नारीवादियों, विशेष रूप से केरल में, अंडरवियर क्यों नहीं पहनती?” शीर्षक से एक वीडियो डाला था।

अपने YouTube चैनल ‘Vitrix scene’ में, नायर ने कथित रूप से नारीवादियों पर हमला करने के लिए कुछ अपमानजनक शब्दों का इस्तेमाल किया था और केरल में नारीवादियों पर सेक्स वर्कर्स होने का भी आरोप लगाया था।

पत्रकार निधेश के अनुसार, यूट्यूबर ने कथित तौर पर दावा किया था कि केरल के नारीवादी हर दिन आठ-नौ बार सेक्स करते हैं। उन्होंने यह भी कहा था कि डबिंग कलाकार हर फिल्म के बाद सेक्स करता है।

इन महिला ‘कार्यकर्ताओं’ ने कथित तौर पर विजय नायर के खिलाफ केरल महिला आयोग, पुलिस साइबर सेल, महिला एवं बाल विकास विभाग के पास शिकायत दर्ज कराई। चूँकि इन अधिकारियों ने कोई कार्रवाई नहीं की, इसलिए इन महिला ‘कार्यकर्ताओं’ ने कानून को अपने हाथों में ले लिया।

मीडिया से बात करते हुए, भाग्यलक्ष्मी ने कहा कि उन्हें चीजों को अपने हाथों में लेने के लिए मजबूर किया गया, क्योंकि अधिकारियों ने कई शिकायतों के बावजूद यूट्यूबर के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की।

भाग्यलक्ष्मी ने मातृभूमि से कहा, श्रीलक्ष्मी अरकल ने पहले उनके खिलाफ प्रतिक्रिया दी थी। लेकिन जब हमें पता चला कि शिकायत पर कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है, तो हमने खुद ही इस पर रिएक्ट करने का फैसला किया। हमें पता था कि ऐसी टिप्पणियाँ होंगी। लेकिन मैं आपसे पूछती हूँ, जो शिकायत दर्ज की गई थी, उसका क्या हुआ?”