सलाह अल अरूरी और बेंजामिन नेतन्याहू (चित्र साभार: TOI & Politico)
2 जनवरी, 2024 की रात इजरायल के सुरक्षा बलों ने एक ड्रोन स्ट्राइक से लेबनान की राजधानी के बेरुत के भीतर छुपे बैठे इस्लामी आतंकी संगठन हमास के डिप्टी लीडर सलाह अल अरूरी को मार गिराया है। अरूरी फिलिस्तीन से बाहर रह कर आतंकी गतिविधियों का संचालन करता था। उसकी मौत की पुष्टि हमास ने कर दी है।
जानकारी के अनुसार, जब अरूरी पर हमला हुआ तब वह लेबनान की राजधानी बेरुत के दक्षिणी रिहायशी इलाके में स्थित हमास के दफ्तर में था। यह दफ्तर एक तीन मंजिला इमारत में बनाया गया था और इस पर इजरायल ने एकदम निशाना लगाकर वार किया, हमले में सलाह अल अरूरी समेत 7 लोगों के मारे जाने की सूचना सामने आई है।
लेबनान के जिस इलाके में अरूरी की मौत हुई वह शिया मुस्लिमों का आतंकी संगठन हिज्बुल्ला का गढ़ माना जाता है। उसकी मौत को हमास ने कायरतापूर्ण हमला बताया है। हमास के प्रवक्ता ने कहा है कि इजरायल का यह हमला गाजा में उसकी विफलता को दिखाता है। इजरायली सुरक्षा बलों ने इस मामले पर मीडिया को कोई जवाब नहीं दिया है।
इजरायल ने कहा है कि जिसने भी उसे मारा है, उसने एक सर्जिकल स्ट्राइक की है। इजरायल ने अभी इस हमले की जिम्मेदारी लेने से मना कर दिया है। हालाँकि, अमेरिकी समाचार पत्रों से बातचीत में अमेरिकी अधिकारियों ने कहा है कि हमला इजरायल ने ही किया था।
सोशल मीडिया पर चल रही तस्वीरों में दावा किया गया है कि अरूरी पर किया गया हमला इतना तेज और असरदार था कि बाद में पहुँची टीम को सिर्फ उसका हाथ मिला। अरूरी की मौत पर फिलिस्तीन के वेस्ट बैंक वाले हिस्से में बुधवार को हड़ताल की घोषणा की है। बताया जा रहा है कि वहाँ कम से कम 2 लोगों के शरीर के टुकड़े बिखरे हुए थे। लोगों ने हमले से पहले ड्रोन की आवाज़ भी सुनी।

No comments:
Post a Comment