टी राजा सिंह फिर से गिरफ्तार, कहा- यह धर्मयुद्ध है, अब हिंदू पीछे नहीं हटेगा

हैदराबाद के गोशामहल (Goshamahal, Hyderabad) से भाजपा के निलंबित विधायक ठाकुर राजा सिंह को तेलंगाना पुलिस ने उनके आवास से गिरफ्तार कर लिया है।
चर्चा है कि राजा सिंह नबी के विरुद्ध बयान पर नहीं, पुराने केस में बंद किया गया है। 

तेलंगाना पुलिस ने बताया, “राजा सिंह को पीडी एक्ट (Preventive Detention Act) के तहत हिरासत में लिया गया। रिकॉर्ड बताते हैं कि उसके खिलाफ दर्ज 101 आपराधिक मामलों में से वह 18 सांप्रदायिक अपराधों में शामिल था। मंगलहाट पुलिस ने उस पर पीडी के आदेश को अमल में लाया, उसे सेंट्रल जेल, चेरियापल्ली में बंद किया जा रहा है।”

पीडी एक्ट एक ऐसा कानून है, जिसके तहत पुलिस किसी को आदतन और कुख्यात अपराधी बताकर एक साल तक के लिए जेल में बंद रख सकती है। इस कानून का सबसे विवादास्पद हिस्सा वह है, जिसमें इस ऐक्ट के तहत गिरफ्तार व्यक्ति को संविधान के अनुच्छेद 22 (1) और 22 (2) के तहत मिला संरक्षण उस व्यक्ति को नहीं मिल पाएगा।

इसके पहले राजा सिंह को गिरफ्तार किया गया था, लेकिन उन्हें बेल मिल गई थी, जिसका मुस्लिमों द्वारा बड़े पैमाने पर विरोध किया जा रहा है। वहीं, राजा सिंह अपनी गिरफ्तारी की आशंका पहले ही जाहिर कर दी थी।

ठाकुर राजा सिंह ने ट्विटर पर एक वीडियो शेयर करते हुए कहा, “मुझे सूचना मिली है कि मेरे पुराने केसों को जोड़कर मुझे परेशान कर सकती है पुलिस। कल मुख्यमंत्री कार्यालय में एक मीटिंग हुई और मुख्यमंत्री जी को भी अब Ego आ गया कि किसी भी हालत में राजा सिंह को जेल में डाला जाए या तड़ीपार किया जाए।”

वीडियो में विधायक सिंह ने आगे कहा, “मैं मुख्यमंत्री जी को बताना चाहूँगा कि ना हम गोली से डरते हैं, ना हम फाँसी से डरते हैं, ना ही हम किसी जेल से डरते हैं। ये धर्मयुद्ध है। कोई हमारे भगवान को गाली दे, ये हमें बर्दाश्त नहीं। जो धर्म को ललकारेगा, जिस भाषा में वो समझेगा उस भाषा में राजा सिंह ही नहीं, भारत का हर हिंदू उस दुश्मन का जवाब देगा।”

कांग्रेस नेता और कट्टरपंथियों का सरकार पर दबाव

उधर इस्लाम के पैगंबर मुहम्मद पर टिप्पणी में विधायक राजा सिंह को जमानत मिलने के बाद गुरुवार (25 अगस्त 2022) को भी हैदराबाद में मुस्लिमों का विरोध प्रदर्शन जारी रहा। मुस्लिमों के एक समूह ने पुलिस कमिश्नर से मुलाकात कर विधायक को गिरफ्तार करने का दबाव डाला।
इसके पहले मंगलवार को उन्हें जमानत मिलने के बाद शहर के शालीबांदा में तो पुलिस के साथ प्रदर्शनकारियों की हिंसक झड़प हुई। इस दौरान ‘सर तन से जुदा’ के नारे लगाए गए। पुलिस वैन में भी तोड़फोड़ की गई। इसके अलावा बाजारों से दुकानें जबरन बंद कराने की, राजा सिंह के पोस्टर्स पर चप्पल मारने की, उनका पुतला जलाने की घटना भी प्रकाश में आई है।
राजा सिंह के बयान पर तेलंगाना कॉन्ग्रेस के सचिव राशिद खान ने आग लगाने की बात कही थी। उनका एक वीडियो सामने आया था, जिसमें राशिद खान को अल्लाह हू अकबर, नारा-ए-तकबीर, सर तन से जुदा नारे लगाने वाली भीड़ का समर्थन करते गया।

कथित पैगंबर पर राजा सिंह की टिप्पणी

22 अगस्त 2022 को ठाकुर राजा सिंह ने मुनव्वर फारूकी के विरुद्ध एक वीडियो बनाया था। इसमें उन्होंने इस्लाम पर बात करते हुए एक बुजुर्ग पर बात की थी, जिस पर मुस्लिमों ने कहा कि वो पैगंबर पर की गई आपत्तिजनक टिप्पणी है। इसके बाद शहर भर में प्रदर्शन हुए। मंगलवार सुबह पुलिस ने टी राजा को गिरफ्तार कर लिया था।
उधर उसी दिन दोपहर में बीजेपी ने उन्हें पार्टी से सस्पेंड किया। राजा सिंह को जब कोर्ट में पेश किया गया तो कोर्ट ने उन्हें 14 दिन न्यायिक हिरासत में भेजा। हालाँकि, अगले दिन उनकी जमानत याचिका पर सुनवाई के बाद उन्हें जमानत मिल गई थी।

ओवैसी साहब अपने भाई को कब जेल भेजोगे?


राजा सिंह को भीड़तंत्र और जेहादियों के दबाव में PD Act के अंतर्गत गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया और अब उनकी जमानत हाई कोर्ट से ही हो सकती है। लेकिन अब प्रश्न तेलंगाना पुलिस पर है कि 'सिर तन से जुदा' नारा लगाने वालों को असदुद्दीन ओवैसी के कहने पर क्यों छोड़ा? ओवैसी अपने भाई को कब जेल भेजोगे, जिसने हिन्दू देवी-देवताओं का अपमान किया? पब्लिक मीटिंग में देवी-देवताओं के लिए अपमानित शब्द बोलने वाले को ओवैसी जेल भेजो और वही राजा सिंह के विरुद्ध लगाए नारे अपने भाई के विरुद्ध लगवाने की हिम्मत है?

पैगंबर के खिलाफ कथित रूप से विवादित टिप्पणी के मामले में एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी तेलंगाना के विधायक टी राजा सिंह की गिरफ्तारी को लेकर अड़े हुए हैं। ओवैसी ने कहा है कि बीजेपी के विधायक ने जो वीडियो जारी करके इस्लाम के खिलाफ अपनी नफरत का इजहार किया, इससे सब लोगों को तकलीफ पहुंची है। इस्लाम में पैगंबर मुहम्मद हमारा दिल है, हम प्रदर्शन करते रहेंगे जब तक बीजेपी को जेल नहीं भेजा जाएगा।

सांसद असदुद्दीन ओवैसी जिस टी राजा सिंह को गिरफ्तार करने का मांग कर रहे हैं, उसे बाकायदा गिरफ्तार किया भी गया था। लेकिन कोर्ट में ये साबित होने की राजा सिंह ने किसी का नाम लेकर कोई बात नहीं कही, तो कोर्ट ने उसे छोड़ने का आदेश दे दिया। इससे मुस्लिम समुदाय के लोग नाराज हैं। साफ है ओवैसी उस नेता को गिरफ्तार करने की मांग कर रहे हैं जिसने पैगंबर के खिलाफ कुछ कहा ही नहीं है। लेकिन खुद अपने भाई अकबरुद्दीन ओवैसी की ओर से हिंदू देवी-देवताओं के बारे में दिए गए विवादित बयानों पर चुप्पी साध लेते हैं। देश के मुसलमानों में ये प्रचलन में है कि हिंदू धर्म में बारे में चाहे कुछ भी बोल दो लेकिन अपने धर्म की बात आए तो सर तन से जुदा का नारा देने लगते हैं। हिंदू धर्म के बारे में बयान देने वालों के खिलाफ ओवैसी की पार्टी के नेता कन्नी काट लेते हैं। ऐसे में सोशल मीडिया पर लोग पूछ रहे हैं कि आपका भाई कब अंदर जाएगा।


No comments: