आसमा खान पठान खुद को ‘मोदी समर्थक’ कहती हैं। उनके पास मोदी के साथ ली गई तस्वीरें भी हैं। कुछ रिपोर्टों से पता चलता है कि उनका परिवार का समर्थन करता था, लेकिन गुजरात 2002 के दंगों के बाद अपने रिश्तेदारों का पता लगाने में पीएम मोदी की तरफ से मदद मिलने के बाद वह भाजपा समर्थक बन गईं। कहते हैं, गोधरा दंगों के दौरान जब इन्होने अपनी ही पार्टी कांग्रेस(जबकि ससुर उस समय कांग्रेस के जिला पदाधिकारी थे) के कार्यकर्ताओं को इनकी हींग फैक्ट्री में आग लगाते देखने पर समस्त परिवार का कांग्रेस छोड़ मोदी की तरफ झुकाओ हो गया। इस मामले पर बीजेपी की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया। वहीं, एनआईए ने भी कोई बयान जारी नहीं किया है।
यह कंपनी मशहूर हींग ब्रांड कृष्णा हींग की मार्केटिंग करती है। कथित तौर पर, यह छापेमारी सोमवार की सुबह शुरू हुई और 8 घंटे चलती रही। दोपहर लगभग 3.30 बजे जाकर एनआईए ने तलाश रोकी।
एनआईए ने नडियाद पुलिस क्राइम ब्रांच (Naidad Police Crime Branch) और एसओजी (SOG) की मदद से यह छापेमारी की थी। एनआईए ने एक संदिग्ध टेरर फंडिंग लिंक पर सूचना मिलने के बाद छापेमारी की थी। इसमें संकेत दिया गया था कि आतंकी गतिविधियों को फंड करने के लिए नडियाद से दिल्ली में फंड ट्रांसफर किया गया था। इसके बाद एनआईए की टीम 5 सितंबर की सुबह करीब 5 बजे मारिडा रोड स्थित कंपनी के कार्यालय पहुँची और जाँच शुरू हुई।
આતંકી ફંડિંગ મામલે NIAના દરોડા
— News18Gujarati (@News18Guj) September 5, 2022
ગુજરાતમાં NIAના દરોડા યથાવત
આતંકી ફંડિંગની પુષ્ટી બાદ NIAની તપાસ#Gujarat #NIA #RAID @dave_janak pic.twitter.com/IjgIowfIGR
जाँच एजेंसी ने न्यू भारत हींग सप्लायर्स के कार्यालय के अलावा नडियाद के अहमदाबादी बाजार शकरककुई में उसकी मालकिन आसमा खान पठान के घर पर भी छापेमारी की। एनआईए की टीम ने छापेमारी के दौरान कई महत्वपूर्ण दस्तावेज और इलेक्ट्रॉनिक सामान बरामद किया है, जिसे उन्होंने अपने कब्जे में ले लिया है। ध्यान दें कि आसमा खान (Asma Khan Pathan) दिल्ली वक्फ बोर्ड की गुजरात से सदस्य हैं। इससे पहले वह पार्षद भी रह चुकी हैं।
गुजरात समाचार के अनुसार, एनआईए को आसमा खान के खिलाफ दिल्ली में टेरर फंडिंग के बारे में सूचना मिली थी, जिसके बाद लोकल क्राइम ब्रांच और एसओजी की मदद से सर्च ऑपरेशन चलाया गया। यह सर्च ऑपरेश दोपहर साढ़े तीन बजे तक चला। जाँच एजेंसी ने हार्ड डिस्क, कंप्यूटर के अलावा कई महत्वपूर्ण सबूतों को सील कर दिया है।

No comments:
Post a Comment