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‘मैं नहीं मानती ये गंदा धर्म’: सनातन विरोधी टिप्पणी के लिए ममता बनर्जी पर 1 साल बाद हुई FIR, TMC नेता बोले- हम भी बयान के खिलाफ थे

    
क्या ममता बनर्जी और उनकी तृणमूल कांग्रेस इतिहास बनने के कगार पर पहुँच गयी है? जिस कुर्सी की खातिर "श्रीराम" नाम से, सनातन से चिढ़ती थी, वही इनको और इनकी पार्टी को इतिहास बना रहा है। कल जिस मुस्लिम वोटबैंक को खुश करने सनातन और हिन्दुओं पर हमले करवाए आज वही मुस्लिम समाज भी इन्हे नहीं पूछ रहा। अगर वर्तमान मुख्यमंत्री सुभेंदु इसी तरह काम करते रहे बंगाल में कोई ममता या INDI गठबंधन को घास नहीं डालने वाला । कई साल हिन्दुओं ने हिन्दू विरोधी सरकारों के अत्याचार सहे हैं। चुनावों में उन्हें वोट तक नहीं डालने दिया जाता था जिस वजह से हिन्दू विरोधी सरकारें सत्ता में आती रहती थीं। फिलिस्तीन में इजराइल के हमलों पर तो INDI गठबंधन के हर नेता की जुबान खुलती थी लेकिन बंगाल में हिन्दुओं पर होते अत्याचारों पर बोलने पर सबको सांप सूंघ जाता था। 




इफ्तार पार्टी हो या फिर नमाज के दौरान मुस्लिम महिलाओं की तरह ममता हिजाब धारण करने पर इनके हिन्दू ब्राह्मण होने पर सन्देह होता है, जिसका खुलासा कोई खोजी पत्रकार या ममता की ही पार्टी कर सकती है। 

श्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के खिलाफ सिलीगुड़ी साइबर थाने में एक FIR दर्ज की गई है। उन पर आरोप है कि उन्होंने 2025 में कोलकाता में आयोजित ईद कार्यक्रम के दौरान सनातन धर्म को ‘गंदा धर्म’ बताया था।

एफआईआर दर्ज होने के बाद से सोशल मीडिया पर वायरल हो रही वीडियो में उन्हें विवादित टिप्पणी करते सुन सकते हैं। वो कहती सुनाई पड़ रही हैं- “हम जानबूझकर एक गंदा धर्म, जिसे जुमला पार्टी ने बनाया, हम उसे नहीं मानते हैं।”

यह शिकायत वकील रिंकी चटर्जी सिंह ने दर्ज कराई है। उनका कहना है कि इस बयान से हिंदू समुदाय की धार्मिक भावनाएँ आहत हुई हैं। शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि तृणमूल कॉन्ग्रेस के कुछ नेता पहले भी हिंदू धर्म को लेकर विवादित बयान देते रहे हैं।

रिंकी चटर्जी सिंह ने दावा किया कि उन्होंने 2025 में भी शिकायत दर्ज कराने की कोशिश की थी, लेकिन उनकी बात नहीं सुनी गई और उन्हें प्रताड़ना का सामना करना पड़ा।

वहीं, तृणमूल कॉन्ग्रेस के दार्जिलिंग यूनिट के महासचिव और वकील अत्री शर्मा ने भी बयान को अनुचित बताया है। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जाँच शुरू कर दी है।