उत्तर प्रदेश में मुरादाबाद के समाजवादी पार्टी (सपा) के सांसद एसटी हसन ने संसद को लेकर एक ऐसा बयान दिया है, जिस पर विवाद होना तय है। उन्होंने देश की संसद की तुलना धार्मिक जलसे से कर डाली है। वे मुरादाबाद सदर तहसील के सामने हो रहे एक धरना-प्रदर्शन को सम्बोधित करने पहुँचे थे। उन्होंने कहा, “मैं पार्लियामेंट के अंदर होकर आया हूँ और वहाँ पर जो मैंने माहौल देखा है, संसद में मेरा सिर शर्म से झुक गया।”
सांसद हसन ने कहा कि वो कई बार संसद गए हैं, जहाँ उन्हें एक बार नहीं बल्कि अनेकों बार ऐसा लगा कि जैसे वो किसी धार्मिक जलसे में उपस्थित हों। उन्होंने इस बात पर ज़ोर देते हुए कहा कि आज वहाँ जो हालात हैं, वो हालात पहले कभी नहीं बने। उन्हें इस बात पर गहरी आपत्ति है कि आज की तारीख़ में रोज़ नए क़ानून बनाए जा रहे हैं।
बड़े सुधार लाने के लिए मोदी सरकार पर सवाल उठाते हुए, मुरादाबाद के सांसद ने पूछा कि अनुच्छेद-370 के कमजोर पड़ने और ट्रिपल तालक़ के अपराधीकरण से हिन्दुओं को क्या हासिल हुआ? उन्होंने आगे कहा कि कश्मीर हमेशा हमारा था और हमेशा हमारा रहेगा, लेकिन इसके विशेष दर्जे को छीनने से आम आदमी को कुछ भी हासिल नहीं हुआ।
राष्ट्रीय जाँच एजंसी (NIA) के ख़िलाफ़ ग़लत सूचना और भय फैलाते हुए उन्होंने कहा कि संसद में पारित नए बिल ने NIA को ऐसी शक्तियाँ दी हैं कि अब यह किसी को भी आतंकवादी कह सकते हैं और संदेह के आधार पर उसे जेल में डाल सकते हैं। हसन ने पिछले साल अमरोहा में एक आतंकी मॉड्यूल के खुलासे को भी फ़र्ज़ी बताया था और दावा किया कि NIA ने गैराज उपकरणों को रॉकेट लॉन्चर बताया।
ट्रिपल तालाक़ बिल को लोकसभा में पारित कराने के विषय में, एसटी हसन ने एक चौंकाने वाला बयान दिया, जिसमें कहा गया कि यदि किसी की बीवी का संबंध दूसरे आदमी के साथ हो, तो उस शौहर को अपनी बीवी की हत्या या जलाकर मारने की बजाए उसे ट्रिपल तालक़ देना बेहतर है। इससे पहले, समाजवादी सांसद एसटी हसन, अभिनेत्रियों की तुलना ‘तवायफ’ से करने पर घिर चुके हैं। उन्होंने ज़ायरा वसीम के फिल्मों को छोड़ने के फैसले का भी समर्थन किया था। वसीम के फ़ैसले का समर्थन किया था क्योंकि यह उनके विश्वास में हस्तक्षेप से संबंधित था।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने अप्रैल 14 को उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ में कहा कि आतंकवाद, भ्रष्टाचार और गरीबी हटाना उनका मिशन है। मोदी ने यहां एक जनसभा को संबोधित करते हुए कहा, ‘मोदी का मिशन है। आतंकवाद को हटाना, भ्रष्टाचार को हटाना, बीमारी को हटाना, गरीबी को हटाना।’ उन्होंने उत्तर प्रदेश की पूर्व की सरकारों में हुई अनदेखी का उल्लेख करते हुए कहा, ” इतना बड़ा उत्तर प्रदेश और यहां इतने बड़े शक्तिशाली लोग, लेकिन उत्तर प्रदेश का हिन्दुस्तान में जो स्थान बनना चाहिए था, ये यहां की राजनीति ने बनने नहीं दिया।’ वहीं, मोदी ने सपा-बसपा पर हमला बोलते हुए कहा ‘आप कहते हैं कि आतंकवाद हटना चाहिए, लेकिन महामिलावट वाले कहते हैं कि मोदी हटना चाहिए।’
मोदी ने आगे कहा, पहले क्या होता था। आतंकवादी पाकिस्तान से आते थे, हम पर हमला करते थे और कांग्रेस सरकार दुनिया के सामने चिल्लाती रहती थी कि हम पर हमला हुआ है। लेकिन अब ये न्यू इंडिया है। जब आतंकियों ने उरी में हमला किया तो बहादुर सैनिकों ने सर्जिकल स्ट्राइक की। जब उन्होंने दोबारा गलती पुलवामा की, हम उनके घर में घुस गए और एयर स्ट्राइक की। उधर वालों को भी समझ में आ गया है कि अगर तीसरी गलती हुई तो लेने के देने पड़ जाएंगे।
मोदी ने जनसभा में आए लोगों से कहा, ‘दुनिया में चेन्नई की चर्चा होती है। बेंगलूरू, मुंबई और अहमदाबाद की चर्चा होती है, मेरे उत्तर प्रदेश की होनी चाहिए कि नहीं, दुनिया के लिए उत्तर प्रदेश सबसे आकर्षण का केंद्र बनना चाहिए कि नहीं….’ वहीं सपा-बसपा पर निशाना साधते हुए प्रधानमंत्री ने कहा, ‘जो लोग लोकसभा में प्रधानमंत्री का सपना देख रहे हैं। जो 40 सीट पर चुनाव नहीं लड़ रहे हैं, वो क्या देश के प्रधानमंत्री बन सकते हैं।’ उन्होंने तंज कसा, ‘आप कहते हैं कि आतंकवाद हटना चाहिए, लेकिन महामिलावट वाले कहते हैं कि मोदी हटना चाहिए।’
बाबा साहेब भीमराव आंबेडकर की जयंती के मौके पर उन्हें याद करते हुए मोदी ने कहा, ‘ये बाबासाहेब के संविधान की ताकत है कि दलित समाज से निकलकर एक सज्जन राष्ट्रपति पद पर हैं। ये बाबासाहेब का संविधान है कि एक चाय वाला भी प्रधानमंत्री बन सकता है।’
पीएम ने कहा कि मोदी अपनी नहीं, बल्कि पूरे देश की सोचता है। ‘आप सभी लोगों के सहयोग से बाबा साहब के बताए रास्ते पर चलने का इस चौकीदार ने प्रयास किया है। ‘सबका साथ, सबका विकास’ के मंत्र पर सरकार चलाई है।’ मोदी ने कहा, ‘भाजपा और इस चौकीदार पर इस विश्वास का कारण स्पष्ट है। पांच वर्ष के विकास का इतिहास और आने वाले पांच वर्ष में विकास की नई आस।’
सपा-बसपा सहित विपक्षी दलों को निशाने पर लेते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश 2014 में इन्हें बता चुका है कि जाति की स्वार्थभरी राजनीति नहीं, विकास चाहिए। उन्होंने कहा, ‘उत्तर प्रदेश ने 2017 में फिर इन्हें बताया कि जाति की स्वार्थ भरी राजनीति नहीं, सबका साथ सबका विकास चाहिए।’
मोदी ने सपा-बसपा पर हमला जारी रखते हुए कहा, ‘(पश्चिमी उत्तर प्रदेश में) कैसे बहन-बेटियों के साथ दुर्व्यवहार हुआ, कैसे लोगों को अपना घर, अपना कारोबार छोड़ना पड़ा, ये देश ने देखा है। जब पश्चिमी यूपी जल रहा था, मासूम लोग मारे जा रहे थे, तब उसके पीड़ितों की आवाज को अनसुना करने वाला कौन था?’
पीएम ने कहा, ‘अपने स्वार्थ की पूर्ति के लिए ऐसे लोगों ने पश्चिमी उत्तर प्रदेश के लोगों की दुख-तकलीफें, उन पर जो गुजरी, सब भुला दिया है। पश्चिमी यूपी में कितना बड़ा पाप हुआ, पूरा देश इसका गवाह रहा है।’ उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत गरीबों को घर दिए जा रहे हैं तो इसका फायदा भी सबको हुआ है। सौभाग्य योजना के तहत बिजली का कनेक्शन भी हर परिवार को मिला है, चाहे वो किसी भी जाति का हो। मोदी ने कहा कि उज्ज्वला योजना के तहत मुफ्त गैस कनेक्शन दिया गया है तो इसका फायदा सबको हुआ है।