Showing posts with label #divide and rule. Show all posts
Showing posts with label #divide and rule. Show all posts

मुस्लिमों में इतनी जातियां और भेदभाव पर कांग्रेस का मुँह सिल जाता है: PM मोदी का ‘वोट बैंक’ की राजनीति पर प्रहार, कहा- हिंदू जितना बँटेगा उनका उतना होगा फायदा

चलो देर आए दुरुस्त आए, पहली बार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मुसलमानों में जातियों पर बात कही। जबसे से कुछ हिन्दू विरोधी कुछ मन्दिरों में महिलाओं के प्रवेश पर लगे प्रतिबन्ध के विरुद्ध प्रवेश कर उस प्रथा को तोड़ने का असफल प्रयास कर रही थी, तभी से बराबर इस बात को इसी बात को लिखता रहा कि ये जो सनातन विरोधी हिन्दुओं को विभाजित कर रहे हैं मुसलमानों और ईसाईओं में चल रहे भेदभाव पर क्यों नहीं बोलते? टीवी चैनल भी मदारियों की तरह रोज जमावड़ा लगाते हैं, लेकिन अपनी TRP के चक्कर में कभी मुंह नहीं खोलते। हिन्दुओं में अगर जातियां है तो मन्दिर और शमशान एक ही हैं, जबकि इन धर्मों में सब जातियों की अलग मस्जिद, कब्रिस्तान और चर्च हैं। क्यों? भेदभाव कहाँ है हिन्दुओं में या मुसलमानों और ईसाईओं में? इस गंभीर मुद्दे को उठाने की किसी चैनल में हिम्मत नहीं। इसे तो जहाँ से चढ़ावा पहुंचा नहीं लग जाएगा दूसरा राग अलापने। इस महान कार्य को सोशल मीडिया को ही करना होगा।  

दूसरे, हिन्दुओं को विभाजित करने के षड़यंत्र को समझने के लिए हमें इतिहास के कुछ पृष्ठों को खोलना होगा। कांग्रेस और इसके समर्थक पार्टियों से पूछो कि आज़ादी मिलने के बाद 10 वर्षों तक लार्ड मॉउन्टबेटन को क्यों रखा गया था? ब्रिटिश सरकार ने कांग्रेस को मूल मन्त्र दिया था कि 'जब तक हिन्दुओं को विभाजित रखोगे, कुर्सी पर बैठे रहोगे, जिस दिन हिन्दू एक हुआ कुर्सी गयी।' हिन्दुओं को मुसलमानो से कुछ सीखने की जरुरत है, बीजेपी को हराने एकजुट वोट करता है, जबकि हिन्दू जातियों में बंटा होता है। वैसे तो संविधान का पालन कोई पार्टी नहीं कर रही। जब संविधान में सबको बराबर देखने की बात कही गयी है फिर जातियों के लिए सुरक्षित सीटें और उम्मीदवार क्या यह संविधान का अपमान नहीं?                 

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार (9 अक्टूबर 2024) को महाराष्ट्र में 7600 करोड़ रुपए की परियोजनाओं की आधारशिला रखी। इस मौके पर उन्होंने कहा कि कांग्रेस देश को बाँटने की राजनीति करती है। उन्होंने कहा कि मुस्लिमों में भी जातियाँ होती हैं, लेकिन कॉन्ग्रेस के नेता उनकी बातें नहीं करते हैं। वहीं, हिंदुओं की बात आते ही कॉन्ग्रेस उनकी चर्चा जाति से शुरू करती है।

वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए लोगों को संबोधित करते हुए पीएम ने कहा कि कॉन्ग्रेस मुस्लिमों के मन में भय पैदा कर रही है। वह लोगों में डर पैदा करती रही है। अपने वोट बैंक की खातिर वह देश का सांप्रदायिककरण कर रही है। पीएम मोदी ने कहा कि कॉन्ग्रेस का फॉर्मूला साफ है कि मुस्लिमों को डराते रहो, उनको भय दिखाओ, उनको वोट बैंक में कन्वर्ट करो और वोट बैंक को मजबूत करो।

कॉन्ग्रेस पर हिंदुओं को जातियों में बाँटने का आरोप लगाते हुए प्रधानमंत्री ने कहा, “कॉन्ग्रेस की नीति हिंदुओं की एक जाति को दूसरी जाति से लड़ाने की है। वो जानती है हिंदू जितना बँटेगा, उतना ही उसका फायदा होगा। कॉन्ग्रेस किसी भी तरीके से हिंदू समाज में आग लगाए रखना चाहती है, ताकि वो उस पर राजनीतिक रोटियाँ सेंकती रहे। भारत में जहाँ भी चुनाव होता है, वहाँ कॉन्ग्रेस यही फॉर्मूला अपनाती है।”

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, “कॉन्ग्रेस के एक भी नेता ने आज तक नहीं कहा कि हमारे मुस्लिम भाई-बहनों में कितनी जातियाँ होती हैं। मुस्लिम जातियों की बात आते ही कॉन्ग्रेसी नेता मुँह पर ताला लगाकर बैठ जाते हैं, लेकिन जब भी हिंदू समाज की बात आती है तो कॉन्ग्रेस उनकी चर्चा जाति से ही शुरू करती है।” उन्होंने कहा कि हरियाणा में कॉन्ग्रेस ने सारे हथकंडे अपनाए, लेकिन वह असफल रही।

प्रधानमंत्री ने कहा कि कॉन्ग्रेस भारत के ‘सर्वजन हिताय-सर्वजन सुखाय’ की परंपरा का दमन कर रही है। वह सनातन परंपरा का दमन कर रही है। उन्होंने कहा कि कॉन्ग्रेस ने बार-बार यह सिद्ध किया है कि वो एक गैर-जिम्मेदार दल है। वो अभी भी देश को बाँटने के लिए नए-नए नैरेटिव गढ़ रही है। कॉन्ग्रेस समाज को बाँटने का फॉर्मूला लाती रहती है।

नरेंद्र मोदी ने कहा, “कॉन्ग्रेस नफरत फैलाने की सबसे बड़ी फैक्ट्री बनने वाली है। यह गाँधीजी ने आजादी के बाद ही समझ लिया था। इसीलिए गाँधीजी ने कहा था कि कॉन्ग्रेस को खत्म कर देना चाहिए। कॉन्ग्रेस खुद खत्म नहीं हुई, लेकिन आज देश को खत्म करने पर तुली हुई है। इसलिए हमें सावधान रहना है, सतर्क रहना है।”

जम्मू-कश्मीर और हरियाणा चुनावों के नतीजों को लेकर पीएम ने कहा कि कॉन्ग्रेस का पूरा इकोसिस्टम, अर्बन नक्सल का पूरा गिरोह जनता को गुमराह करने में जुटा था, लेकिन उसकी सारी साजिशें ध्वस्त हो गईं। इन्होंने दलितों के बीच झूठ फैलाने की कोशिश की, लेकिन दलित समाज ने इनके खतरनाक इरादों को भाँप लिया।

प्रधानमंत्री मोदी ने हरियाणा के दलितों को एहसास हो गया कि कॉन्ग्रेस उनका आरक्षण छीनकर अपने वोट बैंक को बाँटना चाहती है। किसान आंदोलन को लेकर उन्होंने आरोप लगाया कि कॉन्ग्रेस ने किसानों को भड़काया, लेकिन किसानों को पता है कि उन्हें फसलों पर MSP किसने दी। उन्होंने कहा कि भाजपा ने हमेशा से दलितों एवं किसानों के कल्याण के लिए काम किया है।

महाराष्ट्र में होने वाले विधानसभा चुनावों को लेकर भी पीएम मोदी ने जनता को आगाह किया। उन्होंने कहा, “मेरा पक्का विश्वास है कि समाज को तोड़ने की आज जो कोशिश हो रही है, ऐसी हर साजिश को महाराष्ट्र के लोग नाकाम करके रहेंगे। महाराष्ट्र के लोगों को देश के विकास को सर्वोपरि रखते हुए एकजुट होकर बीजेपी महायुति के लिए मतदान करना है।”

प्रधानमंत्री इन विकास परियोजनाओं में महाराष्ट्र को 10 मेडिकल कॉलेज, नागपुर एयरपोर्ट के आधुनिकीकरण और विस्तार का काम, शिर्डी एयरपोर्ट के लिए एक टर्मिनल बिल्डिंग का निर्माण, इन्फ्रास्ट्रक्चर से जुड़े दो अहम प्रोजेक्ट्स शामिल हैं। इससे पहले केंद्र सरकार ने मराठी को शास्त्रीय भाषा का दर्जा दिया था।

कांग्रेस की नीति फूट डालो राज करो, बन गई है टुकड़े-टुकड़े गैंग की लीडर-- नरेंद्र मोदी, लोक सभा में

प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी ने 7 फरवरी को लोकसभा में राष्ट्रपति के अभिभाषण के धन्यवाद प्रस्ताव पर जवाब देते हुए कहा कि कांग्रेस पार्टी का सत्ता में आने की इच्छा खत्म हो चुकी है। लेकिन जब कुछ मिलने वाला नहीं है तो कम से कम बिगाड़ तो दो। इस फिलॉसफी पर कांग्रेस आज चल रही है। विभाजनकारी मानसिकता उनके डीएनए में घुस गई। अंग्रेज चले गए, लेकिन बांटो और राज करो की नीति को कांग्रेस ने अपना चरित्र बना लिया है। इसलिए ही आज कांग्रेस टुकड़े टुकड़े गैंग की लीडर बन गई है।

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि कांग्रेस पर तंज कसते हुए कहा कि देश की जनता आपको पहचान गई है, कुछ लोग पहले पहचान गए, कुछ लोग अब पहचान रहे हैं और कुछ लोग आने वाले समय में पहचानने वाले हैं। पिछली बार 1988 में त्रिपुरा में वहां की जनता ने आपको वोट दिया था, करीब 34 साल पहले। नागालैंड के लोगों ने आखिरी बार 1998 में कांग्रेस के लिए वोट किया था, करीब 24 साल हो गए। ओडिशा ने 1995 में आपके लिए वोट किया था, सिर्फ 27 साल हुए आपको वहां एंट्री नहीं मिली। गोवा में 1994 में पूर्ण बहुमत के साथ आप जीते थे, 28 साल से गोवा ने आपको स्वीकार नहीं किया। यूपी, गुजरात, बिहार ने आखिरी बार 1985 में कांग्रेस के लिए वोट किया था, करीब 37 साल पहले। पिछली बार पश्चिम बंगाल के लोगों ने करीब 50 साल पहले 1972 में आपको पसंद किया था

लोकसभा में उन्होंने कहा कि इतनी बड़ी पराजय के बाद भी कांग्रेस का अहंकार नहीं टूटा है। उन्होंने एक शायरी भी सुनाई-
वो जब दिन को रात कहें
तो तुरंत मान जाओ
नहीं मानोगे तो वो दिन में नकाब ओढ़ लेंगे
जरूरत हुई तो हकीकत को थोड़ा बहुत मरोड़ लेंगे
वो मगरूर है.. खुद की समझ पर बेइंतहा
उन्हें आइना मत दिखाओ
वो आइने को भी तोड़ देंगे

लोकसभा में कांग्रेस सांसद राहुल गांधी के बयान पर उन्होंने कहा कि ये कैसे लोग हैं जो भारत के उद्योगपतियों को कोरोना का वेरिएंट बता रहे हैं। जो लोग इतिहास से सबक नहीं लेते हैं, वो इतिहास में खो जाते हैं। 60 से 80 के दशक में क्या नैरेटिव होता था? कांग्रेस के साथ रहकर सुख भोगने वाले लोग पंडित नेहरू और इंदिरा गांधी की सरकार को क्या कहते थे? कहते थे कि ये तो टाटा बिड़ला की सरकार है। अब आप भी उसी भाषा को बोल रहे हैं।

महंगाई के मामले पर प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि कांग्रेस के आखिरी पांच सालों में देश को डबल डिजिट महंगाई की मार झेलनी पड़ी। सरकार ने खुद माना था कि महंगाई उनके कंट्रोल से बाहर है। 2011 में तत्कालीन वित्त मंत्री ने बेशर्मी से कह दिया कि महंगाई को कम करने के लिए किसी अलादीन के जादू की उम्मीद न करें। उन्‍होंने कहा कि पी चिदंबरम इन दिनों अखबारों में अर्थव्यवस्था पर लेख लिख रहे हैं। चिदंबरम जी ने 2012 में कहा था कि लोगों को 15 की पानी की बोतल और 20 रूपये की आइस्क्रीम खरीदने में तकलीफ नहीं होती, लेकिन गेहूं-चावल पर एक रुपये बढ़ जाए तो चिंता होती है। उन्होंने कहा कि कोरोना के बावजूद महंगाई इस बार 5.2 प्रतिशथ रही है।

महंगाई के मामले पर प्रधानमंत्री मोदी ने कहाकि कांग्रेस के आखिरी पांच सालों में देश को डबल डिजिट महंगाई की मार झेलनी पड़ी। सरकार ने खुद माना था कि महंगाई उनके कंट्रोल से बाहर है। 2011 में तत्कालीन वित्त मंत्री ने बेशर्मी से कह दिया कि महंगाई को कम करने के लिए किसी अलादीन के जादू की उम्मीद न करें। उन्‍होंने कहा कि पी चिदंबरम इन दिनों अखबारों में अर्थव्यवस्था पर लेख लिख रहे हैं। चिदंबरम जी ने 2012 में कहा था कि लोगों को 15 की पानी की बोतल और 20 रूपये की आइस्क्रीम खरीदने में तकलीफ नहीं होती, लेकिन गेहूं-चावल पर एक रुपये बढ़ जाए तो चिंता होती है। उन्होंने कहा कि कोरोना के बावजूद महंगाई इस बार 5.2 प्रतिशथ रही है।

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि कांग्रेस ने गरीबी हटाओ नारे के कारण कई चुनाव जीते लेकिन ऐसा करने में असफल रहे। महंगाई पर उन्होंने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू ने लाल किले से अपने भाषण में मंहगाई पर हाथ खड़े कर दिए थे। नेहरू ने कहा था कभी-कभी कोरिया में लड़ाई भी हमें प्रभावित करती हैं और इससे वस्तुओं की कीमतें बढ़ जाती हैं और यह हमारे कंट्रोल से भी बाहर हो जाती हैं। वो आगे कहते हैं कि अगर अमेरिका में भी कुछ हो जाता है तो उसका असर वस्तुओं की कीमतों पर पड़ जाता है।

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि कुछ लोगों को मेक इन इंडिया से दिक्कत है, क्योंकि उनके लिए इसका मतलब है कि भ्रष्टाचार नहीं होगा, वे पैसा नहीं जुटा पाएंगे। प्रधानमंत्री ने कहा कि जिन्होंने 50 वर्षों तक देश की सरकारें चलाई, मेक इन इंडिया को लेकर उनका क्या रवैया था। इसके लिए सिर्फ डिफेंस सेक्टर को हम देखें तो सारी बातें समझ आती हैं कि वो क्या करते थे, कैसे करते थे, क्यों करते थे और किसके लिए करते थे।

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि कुछ लोगों को मेक इन इंडिया से दिक्कत है, क्योंकि उनके लिए इसका मतलब है कि भ्रष्टाचार नहीं होगा, वे पैसा नहीं जुटा पाएंगे। प्रधानमंत्री ने कहा कि जिन्होंने 50 वर्षों तक देश की सरकारें चलाई, मेक इन इंडिया को लेकर उनका क्या रवैया था। इसके लिए सिर्फ डिफेंस सेक्टर को हम देखें तो सारी बातें समझ आती हैं कि वो क्या करते थे, कैसे करते थे, क्यों करते थे और किसके लिए करते थे।