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पाकिस्तान के चरणों में पड़े, पाकिस्तान के गुलामों को पाकिस्तान चले जाना ही उनके और भारत के लिए बेहतर होगा

सुभाष चन्द्र

जवानों के बलिदान पर बेशर्मी के बयान देने के लिए विपक्षी नेता खासकर कांग्रेसी तैयार रहते हैं कि बस मौका मिले और मुंह फाड़ दें। पूंछ में वायुसेना के जवानो पर हुए आतंकी हमले को पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी ने बीजेपी का ‘चुनावी स्टंट’ करार दे दिया। बता दें कि इस आतंकी हमले में एयरफोर्स के एक जवान को वीरगति प्राप्त हुई है। 

उन्होंने कहा कि पहले से तैयारी करके हमले करवाए जाते हैं। यह भाजपा को चुनाव में जिताने का स्टंट होता है और इसमें कोई सच्चाई नहीं होती। 

कितनी गंदगी भरी है इन लोगों के दिमाग में, पुलवामा हमले में इन लोगों ने सारी हदें पार कर दी जो बालाकोट एयर स्ट्राइक के सबूत मांगते फिर थे। इन लोगों के घरों में यदि कोई आतंकी हमले में मौत हो तो उसे यदि स्टंट कहा जाए तो उन्हें कैसा लगेगा।

दूसरी तरफ 87 वर्षीय फारूक अब्दुल्ला रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह को चुनौती दे रहे हैं कि -

लेखक 
चर्चित यूटूबर 
“दम है तो राजनाथ सिंह POK वापस लेकर दिखाएं; अगर रक्षा मंत्री कहते हैं कि POK को वापस लाएंगे, तो जाएं, उन्हें रोकने वाले हम कौन हैं, लेकिन याद रहे, पाकिस्तान ने भी चूड़ियां नहीं पहन रखी हैं, उनके पास परमाणु बम हैं और दुर्भाग्य से वो परमाणु बम हमारे ऊपर गिरेंगे”। दूसरे, फ़ारूक़ भूल रहे हैं कि भारत भी atomic देश है। कहते हैं, मोदी को प्रधानमंत्री बने लगभग डेढ़ वर्ष हुआ था, जब CIA ने Pentagon को दी अपनी रिपोर्ट में कहा था : 'नरेंद्र मोदी विश्व का सबसे खतरनाक प्रधानमंत्री है। अभी तक पाकिस्तान ही भारत पर हमले करता रहा है, अब हमला होगा तो भारत की तरफ से होगा और पाकिस्तान को nuclear इस्तेमाल करने का मौका भी नहीं देगा'।  

फारूक को पता नहीं उनके इस atomic मुल्क की  विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता मुमताज़ बलूच ने क्या कहा है -

“हम टेंशन में हैं क्योंकि भारत पाकिस्तान में घुस कर उसके नागरिकों को मार रहा है”। वो जिन नागरिको की बात कर रही है वो आतंकी है और पिछले साल ऐसे 30 से ज्यादा आतंकियों को “unknown” लोगो ने 72 हूरो के पास भेज दिया। आगे कहती हैं कि “भारत का जासूसी नेटवर्क इतना फ़ैल गया है कि वह कई द्वीपों तक फ़ैल गया है। भारत लगातार operation कर रहा है और दुनिया का कोई देश उसे बचाने नहीं आ रहा”। 

फारूक मियां तुम्हारे एटमी मुल्क का ये डर है और ये डर अच्छा है। इसकी ही तुम राजनाथ को धमकी दे रहे हो। पगला गए हो क्या?

मुमताज़ के बयान के बाद UN में पाकिस्तान के स्थाई प्रतिनिधि मुनीर अकरम ने भी कहा है :

“PM मोदी घर में घुस कर मारने की बात कर रहे हैं। अब आप ही बताएं कि हम क्या करें”? जो पाकिस्तान कश्मीर राग अलापे बिना नहीं रहता था UN में वो आज कह रहा है - हमें बचा लो। 

फारूक को यह भी नहीं पता कि पाकिस्तान के रहनुमा चीन POK में चलने वाले 969 करोड़ के  नीलम-झेलम hydro power प्रोजेक्ट को बंद कर दिया। भारत तो इसका विरोध कर ही रहा था, POK के लोग भी इसके खिलाफ खड़े हो गए हैं। 

और फारूक मिया यह भी देखो पाकिस्तान के पिटे हुए नेता फवाद चौधरी राहुल गांधी का प्रचार करने आ गए।

जनाब फारूक अब्दुल्ला आपको पाकिस्तान की इतनी जी हुजूरी करनी है तो वहां चले क्यों नहीं जाते - 87 साल की उम्र में वही सब इच्छाएं पूरी कर लीजिए और याद रखिए कि आप जोर लगा कर चुनौती देते थे मोदी को कि- “किसी के बाप में दम नहीं है जो 370 को हटा दे”। मोदी ने हटा दी ।

अब चुनौती दे रहे हो POK ले कर दिखाओ। POK भी आएगा और बलूचिस्तान भी आएगा और वैसे ही भारत का हिस्सा बनेगा जैसे पाकिस्तान पूर्वी पाकिस्तान (अब बांग्लादेश) पर हुकूमत करता था। 

मजे की बात तो ये है कि एटम बम की धमकी देनी पाकिस्तान ने बंद कर दी मगर फारूक जैसे पाकिस्तान के जड़ खरीद गुलाम दे रहे है।

पाकिस्तान को पता चल गया कि हमारा बम तो भारत रास्ते में ही उड़ा देगा लेकिन भारत जो बम फेंकेगा वो पाकिस्तान को विश्व के नक़्शे से उड़ा देगा। ये बात फारूक को भी समझ आ जानी चाहिए।

ईरान बम मार रहा है और भारत ने पाकिस्तान का पानी बंद कर दिया, चुनाव में फिर मामला गोल हो गया; एटम बम कहां गए ?

सुभाष चन्द्र

दारुल उलूम देवबंद फतवा दे रहा है भारत को गज़वा-ए -हिंद बनाने का जबकि यह नहीं देखते कि 75 साल पहले गज़वा-ए-पाकिस्तान लेकर क्या उखाड़ लिया, आज लोगों को खाने के लाले पड़े हैं और पूरा मुल्क पाकिस्तान “कटोरा” हाथ में लिए भीख मांगता फिर रहा है। यही हालत भारत की भी करना चाहते हैं यहां के पाखंडी मुसलमान जो सब कुछ सुविधाएं मिलने पर भी कह रहे है कि बस किसी तरह मोदी को हराना है।

लेखक 
पाकिस्तान पर कल फिर ईरान ने सर्जिकल स्ट्राइक कर दी और जैश-ए-अदल के वरिष्ठ कमांडर इस्माइल शाहबख्श को पाकिस्तान के क्षेत्र में ही हमला कर उसके कई साथियों समेत 72 हूरों के पास भेज दिया। इसके पहले भी ईरान ने जनवरी में ऐसा ही हमला किया था। उधर अफगानिस्तान का TTP जब मर्जी पाकिस्तान को पेल देता है।

लेकिन पाकिस्तान की फितरत थी कि भारत को धमकी दिया करता था कि “हमारे पास एटम बम है” और वो किसी शबे बारात के लिए नहीं हैं लेकिन कभी भारत पर एटम बम चलाने की सोच भी नहीं सका पाकिस्तान क्योंकि बम फटने से पहले भारत का बम पाकिस्तान का नामोनिशान मिटा देता।

लेकिन सवाल यह उठता है कि आज पाकिस्तान ईरान को एटम बम की धमकी क्यों नहीं दे रहा? अरे रोज रोज के कलेश झेलने से बेहतर है एक बम मार दे ईरान पर और कहानी ख़त्म कर दे क्योंकि ईरान से तो किसी एटम बम पेलने की उम्मीद भी नहीं है जैसी भारत से है।

एक तरफ ईरान ने रगड़ा तो दूसरी तरफ भारत ने पाकिस्तान को रावी नदी का जाने वाला पानी पंजाब के शाहपुर कंडी बांध के गेट बंद करके रोक दिया और इसका फायदा अब जम्मू कश्मीर की 32 हज़ार हेक्टेयर और पंजाब की 5000 हेक्टेयर भूमि की सिंचाई में होगा क्योंकि जम्मू कश्मीर को 1150 और पंजाब को 200 क्यूसेक पानी मिलेगा। यह है भारत की तरफ से छोड़ा हुआ “पानी बम” - लोग पानी पिला पिला के मारते हैं लेकिन हम प्यासा रख के मार देंगे। 

जिसे भारत में पाकिस्तान से हमदर्दी है वो पाकिस्तान चला जाए। वैसे भी ऐसे लोगों को भारत में उत्पात मचाने से बेहतर है पाकिस्तान के लिए जाकर ईरान और अफगानिस्तान और बलूच विद्रोहियों से लड़ना चाहिए।

पाकिस्तान की एक और मुसीबत खड़ी हो गई जो चुनाव के बाद भी सरकार का गठन नहीं हो पा रहा। नवाज़ शरीफ उछलता कूदता आया था लेकिन प्रधानमंत्री बनने का सपना पूरा होता नहीं लग रहा और अब उसका भाई शाहबाज़ शरीफ की प्रधानमंत्री बनेगा लेकिन कब तक सत्ता में रहेगा पता नहीं क्योंकि PPP कब तक साथ देगी कह नहीं सकते और बिलावल भुट्टो भी तो अपनी किस्म का पप्पू है। मजे की बात है शाहबाज़ शरीफ अपने पहले कार्यकाल में दुनिया भर के मुल्कों से “भीख” ही मांगता रहा था।

भारत में जो मुसलमान मोदी को हराने के लिए पागल हुए जा रहे हैं, उन्हें पता होना चाहिए कि मोदी विदेशों से मिले सभी उपहार नीलामी में बेच कर पैसा “नमामि गंगे प्रोजेक्ट” में लगा देता है जबकि इमरान खान को ऐसे ही उपहारों को चोरी से बेच खाने के आरोप में 14 साल की सजा हुई है। इतना फर्क भी न दिखाई दे तो आपसे बड़े अंधे कोई हो नहीं सकते।