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चुनाव से पहले राहुल गांधी ने फेसबुक के लिए की थी कैम्ब्रिज एनालिटिका के साथ सेटिंग

उल्टा चोर कोतवाल को डांटे वाली कहावत कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष और सांसद राहुल गांधी पर बिल्कुल सटीक बैठती है। राहुल गांधी गलत आरोप लगाकर  देशवासियों को दिगभ्रमित करने से बाज नहीं आ रहे हैं। राहुल गांधी ने एक और झूठ परोसते हुए आरोप लगाया कि भाजपा और आरएसएस भारत में फेसबुक और व्हाट्सएप को नियंत्रित करते हैं। वे इसके माध्यम से फर्जी खबरें और नफरत फैलाते हैं और इसका इस्तेमाल मतदाताओं को प्रभावित करने के लिए करते हैं। आखिरकार, अमेरिकी मीडिया फेसबुक के बारे में सच्चाई के साथ सामने आया है।
राहुल गांधी के इस ट्वीट पर केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद ने ट्वीट करते हुए कहा, “अपनी खुद की पार्टी में भी लोगों को प्रभावित नहीं कर सकने वाले हार चुके लोग इस बात का हवाला देते रहते हैं कि पूरी दुनिया बीजेपी और आरएसएस द्वारा नियंत्रित है। चुनाव से पहले डेटा को हथियार बनाने के लिए कैंब्रिज एनालिटिका और फेसबुक के साथ आपके गठजोड़ को रंगे हाथों पकड़ा गया था और अब हमसे सवाल पूछने की गुस्ताखी?”



राहुल गांधी भले ही भाजपा और आएसएस पर झूठे आरोप लगा रहे हैं लेकिन हकीकत यह है कि 2019 लोकसभा चुनाव के पहले राहुल गांधी ने फेकबुस के लिए कैम्ब्रिज एनालिटिका के साथ सेटिंग की। मार्च 2018 में कैंब्रिज एनालिटिका के डेटा स्कैंडल के व्हिस्लब्लोअर क्रिहस्टफर विली ने तब इसका खुलासा किया था।
चुनाव से पहले राहुल गांधी ने की थी कैम्ब्रिज एनालिटिका के साथ सेटिंग
हकीकत,राहुल गांधी के आरोप के बिल्कुल उलट है। 2019 में लोकसभा चुनाव के पहले कांग्रेस ने फेसबुक के लिए कैम्ब्रिज एनालिटिका के साथ सेटिंग की थी। मार्च 2018 में कैंब्रिज एनालिटिका के डेटा स्कैंडल के व्हिस्लब्लोअर क्रिहस्टफर विली ने यूके की पार्लियामेंट्री कमिटी को बताया कि कांग्रेस पार्टी ने इस डेटा कंसल्टंसी फर्म को हायर किया था।
विली ने पार्लियामेंट्री कमिटी को बताया था कि कैम्ब्रिज एनालिटिका के साथ काम करने वाली पार्टियों में भारत की कांग्रेस पार्टी भी थी। विली के अनुसार उसे पूरा यकीन है कि कैंब्रिज एनालिटिका की एक क्लाइंट कांग्रेस भी थी। कंपनी ने कांग्रेस पार्टी के लिए हर तरह के प्रोजेक्ट पर काम किया। विली के अनुसार उसे याद नहीं कि कोई राष्ट्रीय प्रोजेक्ट हो लेकिन कई सारे क्षेत्रीय प्रोजेक्ट थे। इस पूरे मुद्दे पर तब कांग्रेस की काफी किरकिरी हुई थी।

कैम्ब्रि‍ज एनालिटिका के CEO के ऑफिस में कांग्रेस पार्टी का पोस्टर
कैम्ब्रि‍ज एनालिटिका से कांग्रेस के संबंध का तब और खुलासा हुआ था जब निलंबित सीईओ एलेक्सजेंडर निक्स के लंदन स्थित दफ्तर में कांग्रेस का पोस्टर दीवार पर चिपका दिखाई दिया था और इससे साफ हो गया था कि कांग्रेस का एलेक्सजेंडर निक्स के साथ रिश्ता था और पार्टी कथित रूप से कैम्ब्रिज एनालिटिका की क्लाइंट थी।
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संविधान की मूल प्रति पर भगवान राम-सीता का चित्र

अयोध्या में भव्य राममंदिर के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा आधारशिला रखे जाने से संविधान और लोकतंत्र की दुहाई देने वालों की निकलने वाली चीख-चिल्लाट का मुख्य कारण है कि इतने वर्षों से अपने आपको जनसेवक कहलवाने वाले दंगे आदि करवाकर देश में साम्प्रदायिकता फैलाकर मासूम जनता को गुमराह करते रहे, लेकिन अब निकट भविष्य में अपनी दुकान बंद होते देख रहे हैं। इन्हे जनता से कोई सरोकार नहीं विपरीत इसके दंगे करवाकर लाशों पर अपनी तिजोरियां भरना ही इनकी जनसेवा है।   
अयोध्या में भव्य राममंदिर निर्माण से पहले केंद्रीय कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद ने संविधान की मूल प्रति में छपे एक स्केच को शेयर किया है। यह स्केच यानी तस्वीर भगवान श्री राम, माता सीता और लक्ष्मण 14 वर्ष का वनवास पूरा करके अयोध्या वापस लौटते समय की है। कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद ने संविधान के मूल पन्नों की तस्वीर शेयर करते हुए लिखा, ‘भारत के संविधान की मूल प्रति में मौलिक अधिकारों से जुड़े अध्याय के आरम्भ में एक स्केच है जो मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्री राम, माता सीता और भाई लक्ष्मण के रावण पर विजय प्राप्त कर अयोध्या वापसी का है।


रविशंकर प्रसाद इलाहाबाद हाई कोर्ट से लेकर सुप्रीम कोर्ट तक राम जन्मभूमि न्यास का पक्ष अदालत में पेश करते रहे है। संविधान की मूल प्रति में मौजूद ये स्केच छद्म सेकुलरों के मुंह पर तमाचा है। संविधान तैयार करते समय इसमें भारत की हजारों साल पुरानी संस्कृति को प्रदर्शित करने के लिए कई स्केच शामिल किए गए हैं। इस स्केच को नंदलाल बोस ने बनाया था। संविधान की मूल कॉपी में भगवान राम के साथ भगवान श्रीकृष्ण की तस्वीर भी है।