Showing posts with label aimed. Show all posts
Showing posts with label aimed. Show all posts

FBI ने ISIS के 3 आतंकियों को पकड़ा, गफूर ने बताया- महिला सैनिक का सिर कलम करने और 30 करोड़ अमेरिकियों की हत्या की थी ख्वाहिश

              FBI ने ISIS के 3 अमेरिकी आतंकियों को गिरफ्तार किया (फोटो साभार : cbs8 & nbcnews)
अमेरिका में FBI ने बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए 3 अमेरिकी आतंकियों को गिरफ्तार किया है। ये तीनों आतंकी संगठन ISIS की मदद करने और अमेरिका में बड़े हमलों की साजिश रच रहे थे। इनमें से एक आरोपित का इरादा 30 करोड़ अमेरिकियों को जान से मारने और एक महिला सैनिक का सिर काटने का था।

FBI ने कंसास और कैलिफोर्निया में एक साथ मिलकर काम किया। उन्होंने शुक्रवार (5 जून) की सुबह तीन जगहों पर छापे मारे। इसके बाद बिसाम गफूर, इलियास शमसाल्दीन और बेरीन जाये नाम के तीन आतंकियों को धर दबोचा। इनकी उम्र 21 से 25 साल के बीच है।

क्या थी इनकी खतरनाक प्लानिंग?

ये तीनों आपस में बातचीत करने के लिए ‘डिस्कॉर्ड’ और दूसरे मैसेजिंग ऐप्स का इस्तेमाल करते थे। यह बातचीत फरवरी 2025 से जून 2026 तक चली। इन्होंने ISIS के लिए वफादारी की कसम खाई थी। ये आतंकी अमेरिका के सैनिकों पर हमला करना चाहते थे।

इन आतंकियों ने ISIS के एक सदस्य को 2000 डॉलर (1,90,571 रूपए) से ज्यादा भेजे थे। वे क्रिप्टोकरेंसी के जरिए पैसा जुटा रहे थे। इस पैसे से वे रॉकेट और ड्रोन खरीदना चाहते थे। आरोपित बिसाम चाहता था कि अमेरिकी लोगों पर हमला करने वाले ड्रोन पर उसका नाम लिखा जाए। वहीं बेरीन अमेरिकी स्पेशल फोर्सेज को निशाना बनाना चाहता था।

महिला सैनिक का सिर काटने की थी चाहत

आरोपित बिसाम गफूर ने चैट में कहा था कि वह हमेशा से एक महिला सैनिक का सिट काटना चाहता था। बिसाम गफूर ने यह भी लिखा कि वह 30 करोड़ अमेरिकियों को मारना चाहता है। वहीं इलियास शमसाल्दीन नाम का आरोपित अमेरिकी सैनिकों को चाकू घोंपना चाहता था। ये तीनों विदेश जाकर ISIS के लिए मरने को भी तैयार थे।

इस कामयाबी पर अमेरिकी अधिकारियों ने बड़ी बात कही है। कार्यवाहक अटॉर्नी जनरल टॉड ब्लैंच ने कहा कि सरकार ने आतंकवादियों और गैंगस्टरों को साफ चेतावनी दे दी है। वहीं FBI डायरेक्टर काश पटेल ने कहा कि इन लोगों ने हमले की पूरी तैयारी कर ली थी, लेकिन FBI ने समय रहते इन्हें दबोच लिया।

PFI का टारगेट था अयोध्या का राम मंदिर गिराकर बाबरी मस्जिद बनाना

                                              पीएफआई के निशाने पर था राम मंदिर (तस्वीर साभार: ABP)
हाल ही में देश में प्रतिबंधित हुए आतंकी संगठन पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (PFI/ पीएफआई) को लेकर नया खुलासा हुआ है। महाराष्ट्र सरकार ने नासिक कोर्ट में बताया कि पीएफआई वाले अयोध्या के राम मंदिर को तोड़कर वहाँ बाबरी मस्जिद बनाने की प्लानिंग कर रहे थे।

महाराष्ट्र एटीएस द्वारा गिरफ्तार किए गए पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया के 5 संदिग्धों से पूछताछ और उनकी पड़ताल में यह चौंकाने वाला खुलासा हुआ। साथ ही यह भी पता चला कि कैसे इनका मकसद देश को 2047 तक किसी भी हाल में इस्लामी राष्ट्र में तब्दील करना था। इसके अलावा देश में आतंकी गतिविधियों को अंजाम देने के लिए ये विदेशों से ट्रेनिंग पा रहे थे। संदिग्धों के अकॉउंट की जाँच में विदेशी पैसा भी मिला है।

गौर देने वाली बात है कि पीएफआई कार्यकर्ताओं का एक व्हाट्सएप ग्रुप भी सामने आया है। जानकारी मिली है कि भारत में चल रहे संगठन के इस ग्रुप का एडमिन कोई भारतीय नहीं बल्कि पाकिस्तान से है।

पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया के ये 5 संदिग्ध आतंकी गतिविधियों के इल्जाम में सितंबर माह में पकड़े गए थे। पड़ताल के दौरान जाँच टीम को विदेश से संचालित होते व्हॉट्सएप ग्रुप के बारे में पता चला। छानबीन हुई तो ये सामने आया कि ग्रुप में न केवल पाकिस्तान बल्कि अफगानिस्तान और अमीरात के लोग भी थे।

पीएफआई के संदिग्ध सामाजिक कार्यों के नाम पर देश-विदेश से पैसा इकट्ठा कर रहे थे। इनका मकसद इन पैसों के जरिए, (खासकर खाड़ी देशों से आए पैसों का प्रयोग करके) देश विरोधी गतिविधियों को अंजाम देना था। इस बात की जानकारी होने के बाद अब एनआईए के साथ ईडी भी इस मामले में अपनी जाँच कर रही है। छानबीन में संदिग्धों के पास से मोबाइल और हार्ड डिस्क समेत अन्य सामग्रियाँ बरामद की गईं।

महाराष्ट्र ATS की PFI पर कार्रवाई

गौरतलब है कि पीएफआई के कट्टरपंथी लगातार देश के माहौल को बिगाड़ने के लिए साजिशें रच रहे थे। ऐसे में कुछ वक्त पहले भारत सरकार ने संगठन पर प्रतिबंध लगाया। वहीं एनआईए ने देश भर में ताबड़तोड़ रेड मारते हुए सैंकड़ों पीएफआई से जुड़े लोगों को गिरफ्तार किया। इसी क्रम में महाराष्ट्र एटीएस ने भी एक्शन लिया।
एटीएस ने हाल में मालेगाँव में पीएफआई के अध्यक्ष मौलाना सईद अहमद अंसारी, पुणे में संगठन के उपाध्यक्ष अब्दुल कय्यूम शेखांद और 3 अन्य को गिरफ्तार किया था। इनके ऊपर इल्जाम था कि ये विदेशों से मिले पैसों के जरिए देश में अशांति फैलाने का काम कर रहे थे। हालाँकि महाराष्ट्र एटीएस ने इन्हें गिरफ्तार करके इनके मनसूबों पर पानी फेर दिया।