दीपक सोनवणे और उनके साथी (फोटो साभार: सोशल मीडिया)
"Love Jehad" की शुरुआत 80 दशक में केरल से हुई थी, तब किसी भी पार्टी ने तुष्टिकरण के चलते इसे गंभीरता से नहीं लिया और जनता को 'गंगा-जमुना तहजीब' और संविधान की दुहाई देकर गुमराह किया जाता रहा है। जहाँ तक हिन्दू-मुस्लिम नारों की बात है, किसी में मुस्लिम ठेकेदारों से पूछने का साहस नहीं की हिन्दुओं को जातियों के नाम पर बाँटने से पहले बताओं क्या तुम एक हो, हिन्दुओं में कोई भी जाति हो एक ही मंदिर में जाते हैं और अंतिम संस्कार भी एक ही शमशान घाट पर होता है, जबकि मुस्लिम समाज में स्थिति एकदम विपरीत है। शिया हो, सुन्नी हो, बेरलवी, अहमदी, अथवा वहाबी आदि अनेकों जातियां है जो अपनी अपनी मस्जिदों नमाज पढ़ सकते हैं, शादी कर सकते हैं,और अपने अपने कब्रिस्तानों में मुर्दा दफना सकते हैं, किसी में इसके विरुद्ध जाने अथवा इस अन्याय के विरुद्ध आवाज़ उठाने का साहस नहीं।
नवंबर 18 को News18 पर अमिश देवगन के शो "आर पार" पर मौलानाओं का दोगलापन उस समय सामने जब शोएब जमई ने मुग़ल बाबर को हिन्दुस्थान का जीजा बताने पर चर्चा में शामिल सुभिहि खान ने जवाब देते अपने पति का नाम लेकर कहा कि इस हिसाब से 'मेरे पति तुम्हारे जीजा है', तुरंत शो में शामिल तीनो तथाकथित मुसलमानो ने कहा 'हम तुम्हे मुसलमान ही नहीं मानते।' इस मुद्दे पर बहस बहुत गरमा गयी। हिन्दू-मुस्लिम भाई-भाई की बात भी बेकार साबित। केवल इन्ही शब्दों ने उन मौलानाओं को बेनकाब भी कर दिया जो टीवी पर आकर चाशनी में डूबी बातें करते हैं, लेकिन टीवी से बाहर कहीं अधिक जहरीले हैं। हर देशप्रेमी हिन्दू-मुसलमान को ऐसे मौलानाओं से दूरी बनाकर रखनी चाहिए। सरकार को ऐसे दोगलों की गंभीरता से जाँच करवानी चाहिए। बातें और काम इनके हिसाब से होता रहे तो सेकुलरिज्म वरना फिरकापरस्ती तो है ही, क्यों दोगलों? हिन्दू से शादी कर सुभिहि क्यों मुसलमान नहीं? अब इसे तुम्हारा दोगलापन न कहा जाए तो क्या कहा जाए।
टीवी पर चर्चाओं में ऐसे दोगले मौलानाओं को बेनकाब करने एक्स-मुस्लिमों को भी बुलाया जाए, जैसे News Nation अपने शो 'इस्लाम क्या कहता है' में बुलाते हैं। मौलाना या तो पसीना पोंछते नज़र आते हैं या चर्चा छोड़कर जाते देखे जाते हैं।
जहाँ तक हिन्दू-मुस्लिम के बीच शादी की बात है, ऐसे अनेक किस्से हैं जहाँ शादी से पहले या बाद में धर्म परिवर्तन की बात ही नहीं हुई। केवल एक उदाहरण देता हूँ: जनाब राईस अहमद साहब का, जो सिनेमा घरों पर फिल्मों के परदे बनाते थे, हिन्दू लड़की से प्यार हो गया, अपनी प्रेमिका पत्नी का धर्म नहीं छुड़वाया, एक छत के नीचे नमाज भी हो रही है और पूजा भी, चार बच्चे हुए दो के नाम हिन्दू और दो के मुस्लिम। और मजे की बात, 1975/76 में बहुचर्चित फिल्म आयी "जय संतोषी माँ", उस फिल्म के परदे बनाने का ठेका उन्ही को मिला था। जिस सिनेमा हॉल पर यह फिल्म का प्रदर्शन हो रहा होता था, वहां सिनेमा घर के बाहर हार-फूल बिकते थे, लोग स्क्रीन पर हार-फूल ही नहीं, पैसे भी चढ़ाते थे। हर शो में हाल में लाइन मैन और सफाई कर्मचारियों को कम से कम 30 रूपए की कमाई होती थी। खैर, जनाब राईस साहब ने अपनी हिन्दू पत्नी के कहने पर एक बहुत ही खूबसूरत मंदिर बनाया जो एक होने की वजह से एक ही सिनेमा घर पर रखा जा सकता था। फिल्म वितरक ने माँगा नहीं दिया, पिताश्री एम बी एल निगम ने माँगा नहीं दिया स्पष्ट शब्दों में कहा यह मंदिर घर जाएगा, इसे अपनी पत्नी के कहने पर बनाया है। कई बार मेरे निवास स्थान पर भी आए। दरिया गंज में उनका स्टूडियो था। ये होता है प्रेम और जो आजकल चल रहा है इसे हिन्दुओं को अपने मकड़जाल में फ़ांस इस्लामीकरण करना। खैर, देखिये मौलानाओं का दोगलापन। वीडियो:
श्रद्धा वॉकर की हत्या (Shraddha Walker Murder Case) से पूरा देश सन्न है। इसी बीच शुक्रवार (18 नवंबर 2022) को एक ऐसा मामला सामने आया, जिसमें पीड़ित एक दलित लड़का है। मुस्लिम प्रेमिका होने के कारण इस युवक को तरह-तरह की प्रताड़ना दी जा रही है। इसमें उसकी प्रेमिका का भी हाथ है। इस मामले में असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी AIMIM के एक नेता का नाम भी सामने आया है।
दलित युवक दीपक सोनवणे महाराष्ट्र के संभाजीनगर में स्थित मराठवाड़ा प्रौद्योगिकी संस्थान (MIT) में पढ़ाई करता है। यहाँ उसकी एक मुस्लिम लड़की सना फरहीन शाहमीर शेख से दोस्ती हुई, जो बाद में प्रेम संबंधों में बदल गई। अब दीपक को सना के परिवार से लगातार प्रताड़ना मिल रही है और उससे जबरन वसूली की जा रही है। यहाँ तक कि उसका जबरन खतना भी कर दिया गया।
दीपक सोनवणे ने संभाजीनगर में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस कर अपना दर्द साझा किया। दीपक ने बताया कि उसकी मुस्लिम प्रेमिका के परिवार में इस्लामवादियों को इस मामले में हर कदम पर प्रभावशाली स्थानीय सांसद इम्तियाज जलील का लगातार समर्थन मिल रहा है। इम्तियाज जलील AIMIM का सांसद हैं।
दीपक सोनवणे ने अपनी गर्लफ्रेंड सना फरहीन शाहमीर शेख के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस आयुक्त, संभाजीनगर को संबोधित शिकायत में शाहमीर शमशुद्दीन शेख, ख्वाजा सैय्यद, शबाना बेगम शेख, साजिया सदफ शाहमीर शेख, AIMIM के सांसद इम्तियाज जलील और उनके अंगरक्षकों के नाम हैं।
कॉलेज में शुरू हुआ लव अफेयर
प्रताड़ना की हुई शुरुआत
In his FIR, he says, he was in a relationship with Sana Shaikh and wanted to marry her. She married him and later blackmailed him and got her family to torture him. Shahmir Shaikh peed on him and shot a video of the act, which they used to extract money from him.
— Shefali Vaidya. 🇮🇳 (@ShefVaidya) November 18, 2022
Shahmir, his mother Shabana and others forced Deepak Sonawne to listen to Zakir Naik’s videos trying to brainwash him. Deepak Sonawne’s FIR says they extracted almost 11 lakhs from him threatening to leak the video.
— Shefali Vaidya. 🇮🇳 (@ShefVaidya) November 18, 2022
All this is mentioned in his FIR. Also giving a link to his press conference here. https://t.co/GCeEp12Vq8 cc @AmanChopra_ @republic @Dev_Fadnavis
— Shefali Vaidya. 🇮🇳 (@ShefVaidya) November 18, 2022